अनजाने लक्ष्य की यात्रा पे- भाग 19

by Mirza Hafiz Baig Matrubharti Verified in Hindi Adventure Stories

अनजाने लक्ष्य की यात्रा पे-भाग-19 चलो जान छूटी “तुम्हारी शादी हो गई उस मत्स्यकन्या या जलपरी से अथवा मरमेंड या जो भी तुम कहो, उससे?” उस नवागंतुक डाकू ने व्यंग पूर्वक मुस्कुराते हुये व्यापारी की ओर देखा। व्यापारी ...Read More