Venus Girl - 18 by Bhumika in Hindi Classic Stories PDF

विष कन्या - 18

by Bhumika Matrubharti Verified in Hindi Classic Stories

आगे हमने देखा की, लावण्या को औषधि पिसते हुए देखकर मृत्युंजय कहता हे की इतने कोमल हाथ में ये पत्थर का सिलबट्टा शोभा नही देता। लावण्या मृत्युंजय को स्तुति का स्मरण कराके कहती हे की आपने कल रात्रि असत्य ...Read More