आशा है आप खुश है।,मेरा नाम आनंद है। और मैं भी आप की तरह आनंद में हूं। जीवन में सब कुछ करता हू और मौन भी रहता हूं। मेरा स्वरूप लेखक का है। जीवन और मरण भी। जन्म 2000,ऑथर कलम नाम की किताब का, सम्मान में विद्यालय में और दिल्ली के कुछ मंच कविता कहने को मिले। ये मुझे बहुत मिला। दिल्ली विश्वविद्यालय से स्नातक और बाकी पहले की पढ़ाई गांव से। पिता चिकित्सक और माता गृहणी है। और मैं लेखक हू और जेके लक्ष्मी में कार्यरत हूं। और आगे आप कहेंगे तो हम और लिखेंगे आपका भरोसा हमारी कलम और मातृभारती की ताकत।