नमस्ते दोस्तो आप जिस वक़्त हमारी कहानियां पढ़ोगे उस वक़्त बस यही कहोगे. वाह क्या दर्द है. इन कहानियों में और बस आपके पास और कुछ कहने के लिए शब्द नहीं बचेंगे. तो मित्रों में हूं लेखक मेहुल पसाया और हमारे इस मंच पर सिर्फ और सिर्फ आपको नया पढ़ने को मिलेगा भले ही शुरुआत पुरानी तरीको से लगेगी लेकिन कुछ कहानियों में नया भी होगा कुछ कहानियों नाम भी सेम आजाते होंगे बस जुड़े रहे मेरे साथ आपका प्यारा सा लेखक मेहुल पसाया. आप सभी का धन्यवाद् और मातृभारती टीम को भी धन्यवाद