Hey, I am on Matrubharti!

ख़ुद को अगर जिंदा समझते हो तो
ग़लत का विरोध करना सीखो ,
वरना तैरना तो लाशो को भी आती है

सुबह तेरी हो शाम मेरी हो
दिन तेरा रात मेरी हो
खुशी तेरी गम मेरी हो
और जब मौत आए चिता तेरी और लाश मेरी हो ।।

आदत महाकाल की लगी है
नशा अब शरेआम होगी ।
🚩जय श्री महाकाल🚩

*रिश्ते निभाने के लिए मैं झुकता गया *#
*और मेरे अपने इसे मेरी औकात समझ बैठे ।।

♥️♥️♥️♥️

मोगरे का क़सूर बस इतना है की वो ग़ुलाब नहीं है ।।

#new india

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माना कि सूरज डूब जाता है
घंटो अंधेरो की साये में जकड़ा रहता है
अगले दिन चीर के निकलता है अंधेरे की साया ।।

-Suraj Singh

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यू सन्नाटा है मेरे दिल मे तब तक
मिल न जाते हो तुम जब तक ।।

-Suraj Singh