“প্রথম দেখা, অজানা টান”কলেজের প্রথম দিন।সকালের হালকা ঠান্ডা হাওয়া, আকাশে একটু মেঘলা ভাব—যেন প্রকৃতিও আজ নতুন কিছু শুরু হওয়ার ...
कभी कभी ज़िंदगी हमें ऐसी चीज़ें दे देती है, जो हमने कभी माँगी भी नहीं होती… पर वही चीज़ें हमारी ...
அந்த நாளை எப்படி துவங்குவது என்பது பிரேமுக்கு தெரியவில்லை. எப்போதும் போல இருந்து விட முடியவில்லை. வேலையில்லா நாட்கள் பெரும் சுமையாய் இருந்தன. படிப்பு முடிந்து ...
एक अनकहा पन्ना..."सदियों से इतिहास ने हीर-रांझा को सिर्फ तड़पते और बिछड़ते देखा है... लेकिन क्या होता अगर हीर ...
शाम का वक्त था और Priyam अपने कमरे में खड़ी थी। खिड़की से हल्की धूप आ रही थी, और कमरे ...
અંધારું હજી છવાયેલું હતું ઠંડી પણ પુરબહારમાં હતી.. સિડનીની સુમસામ સડકો.. નિઃશબ્દ સ્ટ્રીટ..હજી સવારના છ વાગ્યા હતાં સિટીમાં ...
" काजल की जब नींद टूटी उसने खुद को एक अनजान कमरे में पाया। फर्श पर उसके कपड़े पड़े ...
“शिफ़ा शिफ़ा....”,अनस सहन में खड़ा उसको आवाज़ कम दे रहा था और चि़ल्ला ज़्यादा रहा था।“क्या मुसीबत है, कभी ...
ये मेरी पहली लव स्टोरी होने वाली है इसलिए थोड़ी बहुत गलती हुई तो माफ़ करिएगा और फोलो भी ...
“मैडम, क्या आप किसी का इंतज़ार कर रही हैं?” सफेद ड्रेस पहने और हाथ में टैब लिए वेटर ने काम्या ...
वेदांश राठौर एक ऐसी शख्सियत जो मुंबई ही नहीं बल्कि पूरी एशिया में अपना सिक्का जमाए हुए है। बिज़नेस ...
इस तरह एक सदियां बीत गए।। लेकिन नैना वनवास खत्म नहीं हुआ था शायद वो अब जिंदगी को एक नया ...
పీఠిక :టెక్నాలజీ మనిషి జీవితంలో ఒక భాగమైపోయింది. మనం తినే ఆహారం నుండి, పడుకునే పడక వరకు అంతా యంత్రమయం. కానీ, మనిషికి మాత్రమే ఉండే ...
जुलाई का महीना था। आसमान कई दिनों से बादलों को थामे बैठा था, जैसे किसी इकरार का इंतज़ार कर ...
પ્રિય વાચક મિત્રો,આ મારી પેહલી નાની કોશિશ છે,લાગણીઓને શબ્દોમાં ગોઠવવાની.આ વાર્તા પ્રેમની છે,અહંકારની છે, અને એ લાગણીની છે,જે ધીમે ...
विराज मल्होत्रा = उम्र: 28 सालविराज शहर का सबसे कामयाब लेकिन सबसे "रूड" (Rude) बिजनेस टाइकून है। वह ...
इंसान की किस्मत मे जो लिखा वो उसे मिलकर ही रहेता है, चाहे मौहब्बत हो या हो अश्क.ये कहानी ...
रात के ठीक 12 बज रहे थे। सिंहानिया ऑफिस में अफरा–तफरी मची हुई थी। हर तरफ टेंशन… बेचैनी… और एक ही ...
बहुत लंबे और थकान भरे दिन के बाद अगर जिंदगी में कहीं सुकून है तो वो है सिर्फ़ ये ...
मुंबई की शामें कभी शांत नहीं होतीं। मरीन ड्राइव पर टकराती लहरों का शोर हो या लोकल ट्रेन की ...