अल्फ़ाज़ों में उलझी हूँ, शायर नहीं मैं... बस जो बयां न हो पाए, उसे लफ़्ज़ों में पिरो देती हूँ.. Pen_Name - Chiraiya

    • 3.7k
    • 3.1k
    • (11)
    • 3.5k
    • 2.1k
    • (13)
    • 5.1k
    • (13)
    • 3k
    • (14)
    • 3.6k