रेणु हुसैन पेशे से सरकारी स्कूल नेताजी नगर सर्वोदय विद्यालय में अंग्रेजी की शिक्षिका हैं और इसके साथ-साथ एक कवियित्री भी हैं। उनके दो कविता संग्रह ’’पानी प्यार’’ एवं ’’जैसे’’ प्रकाशित हो चुके है और एक कहानी संग्रह ’’गुण्टी’’ भी प्रकाशित हो चुका है।उनके आगामी काव्य संग्रह का नाम ‘घर की औरतें और चाँद ‘ है। आजकल उनका रुझान ग़ज़ल लिखने की ओर है और उनकी लिखी ग़ज़लें तरन्नुम में सुनी जा रही हैं। रेणु हुसैन जी की कविताओं में वेदना, संवेदना और समरसता की झलक साफ दिखाई देती है।रेणु हुसैन की कविताएँ और कहानियाँ भी जिन विषयवस्तु को लिए हैं मुख्यतःवे हैं प्रेम ,रिश्ते यानि माँ पिता सासु माँ, घर के अनेक संदर्भ और यात्राएँ इत्यादि । उनकी कविताएं युवा मन को पंख देती हैं और ऊंचाइयों को छूने के लिए हर युवा को प्रेरित करती हैं। शिक्षिका के रूप में उनके आदर्श और विशिष्टता शिक्षकों और छात्रों के लिए प्रेरणास्वरूप हैं। आदर्श शिक्षिका और संवेदनशील कवियित्री श्रीमती रेणु हुसैन अनेकों गैर-सरकारी संगठनों के माध्यम से समाज सेवा में लगी हुई हैं।