Best Adventure Stories Books Free And Download PDF

Stories and books have been a fundamental part of human culture since the dawn of civilization, acting as a powerful tool for communication, education, and entertainment. Whether told around a campfire, written in ancient texts, or shared through modern media, Adventure Stories in All books and stories have the unique ability to transcend time and space, connecting people across generations and cu...Read More


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  • अंगद - एक योद्धा। - 1

    ~आरंभ~पतझड़ के दिन अभी अभी खत्म हुए थे, अब मौसम का सफर बसंत ऋतु की सुगंध सेमहकती...

  • कोई तुमसा नहीं - 4

    श्रेजा और सत्यम् एक छोटे से कैफे में बैठे हुए थे सत्यम कॉफी पी रहा था और श्रेजा...

  • THRONE OF SEAL - 2

    Teacher, please let him be evaluated once more.” The one who said that was Jiang...

यादों के पन्ने By DINESH KUMAR KEER

1. प्रेमचिड़िया और चिडे में इतना प्यार था कि एक पल के लिए भी वो अलग नहीं होते थे चाहे दिन में खुले आसमान में उड़ना हो, दाना चुगना हो या रात में घोसले में सोना हो । एक बार आसमान में...

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अंगद - एक योद्धा। - 1 By Utpal Tomar

~आरंभ~पतझड़ के दिन अभी अभी खत्म हुए थे, अब मौसम का सफर बसंत ऋतु की सुगंध सेमहकती हवाओं की रवानगी की और बढ़ रहा था | यह कहानी भी कई सौ साल पहले इन्हीं दिनों शुरू हुई थी | यह वह समय...

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वो माया है.... - 85 By Ashish Kumar Trivedi

(85) खोपड़ी वाला स्टिकर लगी बाइक की जानकारी इस्माइल, कौशल और दिशा तीनों को दी गई थी। दिशा ने कहा कि टैक्सी से उतर कर वह सीधे ढाबे में चली गई थी। तब उसने आसपास के माहौल पर ध्यान ही...

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એક અનોખી સાહસ યાત્રા - 4 - અદ્રશ્ય ગ્રહ By Dipesh Dave

હજુ તો રાતના બાર વાગ્યા પણ નહોતા ત્યાં એની ઊંઘ ઉડી ગઈ. ભોલુએ ઘડિયાળમાં જોયું તો હજુ બાર વાગવામાં ૧૫ મીનીટની વાર હતી. એ ફટાફટ ઉભો થયો અને પલંગમાંથી નીચે ઉતાર્યો કે તરત જ એને બહારથી...

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વિઘ્નહર્તા By SUNIL ANJARIA

વિઘ્નહર્તાઅમે બન્ને, વિશ્રુત અને વૃંદા, ગપાટા મારતાં હતાં. ઓચિંતું વિશ્રુત કહે "યાદ છે ને! તારી મમ્મીએ ગણેશજીની મૂર્તિ લઈ આવવા કહ્યું છે. અને એને લગતી બધી ખરીદી પણ કરવાની છે.""કહ્ય...

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कोई तुमसा नहीं - 4 By Mahi

श्रेजा और सत्यम् एक छोटे से कैफे में बैठे हुए थे सत्यम कॉफी पी रहा था और श्रेजा चुपचाप बैठी हुई कुछ सोच रही थी।"श्रेजा क्याा मैं तुमसेेेेेेेे एक बात पूछूं?" सत्यम ने पूछा। अपने ख्य...

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THRONE OF SEAL - 2 By DINESH SUTHAR

Teacher, please let him be evaluated once more.” The one who said that was Jiang Hu, the first one who passed the examination, as well as the oldest in this group of children. “Yes...

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सिर्फ तुम्हारे लिए - 4 (अंतिम भाग) By Mehul Pasaya

हा दरअसल भाई की दो प्रेमिका थी. तो ये जो कार्तिक भाई थे. वो उन दोनो को चाहता था. पर लड़ाई उन दो लड़कियों में चल रही थी. लेकिन ये लड़ाई धीरे धीरे कब दुश्मनी में बदल गई पता ही नही चल...

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સફળતાની ચાવી By kusum kundaria

'સફળતાની ચાવી.' સમીર પથારીમાં સૂતો સૂતો વિચારવા લાગ્યો, આ શું થઈ ગયું? હે ઈશ્વર આ કેવી કસોટી કરે છે તું? ઘરના દરેક સભ્યના મનમાં પણ વગર બોલ્યે ઘણાં સવાલો પડઘાતા હતાં. થાકીને...

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पड़ोसन की मी टू By Dr. Pradeep Kumar Sharma

पड़ोसन की मी टू आजकल ‘मी टू’ का कहर किसी सुनामी से कम नहीं, जिसने हमारे जैसे किसी भी बेहद ही शरीफ और संवेदनशील मर्द के बच्चे को, जिसने कभी धोखे से भी स्कूल, कॉलेज या ऑफिस के दिनों...

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नि:शब्द के शब्द - 26 By Sharovan

नि:शब्द के शब्द / धारावाहिक/छ्ब्बीसवां भागसोये हुए मानव कंकाल'बेटी, तुम ठीक तो हो न?'प्रीस्ट महोदय ने मोहिनी के सिर पर अपना हाथ रखते हुए उससे कहा तो मोहिनी उठकर खड़ी हुई और...

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समन्दर के लुटेरे By नंदलाल मणि त्रिपाठी

पूरे कायनात में पचहत्तर प्रतिशत पानी और मात्र पच्चीस प्रतिशत भाग जल है झरने झील नदियाँ तालाब और फिर विशालकाय समंदर और समंदर में लगभग पच्चीस लाख प्रजातियों के प्राणि पाए जाते है देख...

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जादू कि जंग By नंदलाल मणि त्रिपाठी

जादू की दुनियां तिलस्म की दुनियां ऐसी दुनियां जहां सच्चाई को कल्पना लोग के आईने में जांचा परखा जाता है जहाँ स्वार्थ अहंकार और धर्म मर्यादा के बीच जंग निरंतर होती रहती है जो युगों स...

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नागमणि का अद्भुत रहस्य - अंतिम भाग By सिद्धार्थ रंजन श्रीवास्तव

रंजीत की आँखे एक दम से बड़ी हो गयी, उसने देखा जंगल की तरफ से जलाशय तक बहुत से साँप चलते चले आ रहे है। सभी साँपो ने आकर जलाशय को घेर लिया, रंजीत ने अपने कदम वापस खींच लिए। रंजीत ने द...

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ख्वाइशें - 4 By Kishanlal Sharma

"बेंगलोर पहले चलते है।औऱ कांत सबीना को बेंगलुरू लेकर गया था।विशाल क्षेत्र में फैला आई टी हब।बड़ी बड़ी मल्टी नेशनल कम्पनी।सबीना देखकर दंग रह गयी थी।"हमारे देश मे तो न इतनी कम्पनी है।न...

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झोपड़ी - 17 - अर्थशास्त्री राजा By Shakti

अर्थशास्त्री राजा एक राजा के बहुत से लड़के थे। उनमें से एक लड़के का नाम था अनुज। अनुज एक चतुर अर्थशास्त्री था जब पिता ने राज्य का बंटवारा किया तो अनुज ने सबसे गरीब और सबसे पिछड़ा ह...

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छू लेने दो By Kishanlal Sharma

और वह लाख प्रयास करने के बाद भी कुछ लिख नही पाया था।उसे हर सप्ताह एक कहानी अखबार को देनी होती थी।एक सीरीज वह लिख रहा थाजिंदगी के आस पासइसके के लिए हर सप्ताह एक नए विषय पर एक कहानी...

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यादों के पन्ने By DINESH KUMAR KEER

1. प्रेमचिड़िया और चिडे में इतना प्यार था कि एक पल के लिए भी वो अलग नहीं होते थे चाहे दिन में खुले आसमान में उड़ना हो, दाना चुगना हो या रात में घोसले में सोना हो । एक बार आसमान में...

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अंगद - एक योद्धा। - 1 By Utpal Tomar

~आरंभ~पतझड़ के दिन अभी अभी खत्म हुए थे, अब मौसम का सफर बसंत ऋतु की सुगंध सेमहकती हवाओं की रवानगी की और बढ़ रहा था | यह कहानी भी कई सौ साल पहले इन्हीं दिनों शुरू हुई थी | यह वह समय...

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वो माया है.... - 85 By Ashish Kumar Trivedi

(85) खोपड़ी वाला स्टिकर लगी बाइक की जानकारी इस्माइल, कौशल और दिशा तीनों को दी गई थी। दिशा ने कहा कि टैक्सी से उतर कर वह सीधे ढाबे में चली गई थी। तब उसने आसपास के माहौल पर ध्यान ही...

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એક અનોખી સાહસ યાત્રા - 4 - અદ્રશ્ય ગ્રહ By Dipesh Dave

હજુ તો રાતના બાર વાગ્યા પણ નહોતા ત્યાં એની ઊંઘ ઉડી ગઈ. ભોલુએ ઘડિયાળમાં જોયું તો હજુ બાર વાગવામાં ૧૫ મીનીટની વાર હતી. એ ફટાફટ ઉભો થયો અને પલંગમાંથી નીચે ઉતાર્યો કે તરત જ એને બહારથી...

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વિઘ્નહર્તા By SUNIL ANJARIA

વિઘ્નહર્તાઅમે બન્ને, વિશ્રુત અને વૃંદા, ગપાટા મારતાં હતાં. ઓચિંતું વિશ્રુત કહે "યાદ છે ને! તારી મમ્મીએ ગણેશજીની મૂર્તિ લઈ આવવા કહ્યું છે. અને એને લગતી બધી ખરીદી પણ કરવાની છે.""કહ્ય...

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कोई तुमसा नहीं - 4 By Mahi

श्रेजा और सत्यम् एक छोटे से कैफे में बैठे हुए थे सत्यम कॉफी पी रहा था और श्रेजा चुपचाप बैठी हुई कुछ सोच रही थी।"श्रेजा क्याा मैं तुमसेेेेेेेे एक बात पूछूं?" सत्यम ने पूछा। अपने ख्य...

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THRONE OF SEAL - 2 By DINESH SUTHAR

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सिर्फ तुम्हारे लिए - 4 (अंतिम भाग) By Mehul Pasaya

हा दरअसल भाई की दो प्रेमिका थी. तो ये जो कार्तिक भाई थे. वो उन दोनो को चाहता था. पर लड़ाई उन दो लड़कियों में चल रही थी. लेकिन ये लड़ाई धीरे धीरे कब दुश्मनी में बदल गई पता ही नही चल...

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पड़ोसन की मी टू By Dr. Pradeep Kumar Sharma

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नि:शब्द के शब्द / धारावाहिक/छ्ब्बीसवां भागसोये हुए मानव कंकाल'बेटी, तुम ठीक तो हो न?'प्रीस्ट महोदय ने मोहिनी के सिर पर अपना हाथ रखते हुए उससे कहा तो मोहिनी उठकर खड़ी हुई और...

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समन्दर के लुटेरे By नंदलाल मणि त्रिपाठी

पूरे कायनात में पचहत्तर प्रतिशत पानी और मात्र पच्चीस प्रतिशत भाग जल है झरने झील नदियाँ तालाब और फिर विशालकाय समंदर और समंदर में लगभग पच्चीस लाख प्रजातियों के प्राणि पाए जाते है देख...

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जादू की दुनियां तिलस्म की दुनियां ऐसी दुनियां जहां सच्चाई को कल्पना लोग के आईने में जांचा परखा जाता है जहाँ स्वार्थ अहंकार और धर्म मर्यादा के बीच जंग निरंतर होती रहती है जो युगों स...

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नागमणि का अद्भुत रहस्य - अंतिम भाग By सिद्धार्थ रंजन श्रीवास्तव

रंजीत की आँखे एक दम से बड़ी हो गयी, उसने देखा जंगल की तरफ से जलाशय तक बहुत से साँप चलते चले आ रहे है। सभी साँपो ने आकर जलाशय को घेर लिया, रंजीत ने अपने कदम वापस खींच लिए। रंजीत ने द...

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"बेंगलोर पहले चलते है।औऱ कांत सबीना को बेंगलुरू लेकर गया था।विशाल क्षेत्र में फैला आई टी हब।बड़ी बड़ी मल्टी नेशनल कम्पनी।सबीना देखकर दंग रह गयी थी।"हमारे देश मे तो न इतनी कम्पनी है।न...

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झोपड़ी - 17 - अर्थशास्त्री राजा By Shakti

अर्थशास्त्री राजा एक राजा के बहुत से लड़के थे। उनमें से एक लड़के का नाम था अनुज। अनुज एक चतुर अर्थशास्त्री था जब पिता ने राज्य का बंटवारा किया तो अनुज ने सबसे गरीब और सबसे पिछड़ा ह...

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छू लेने दो By Kishanlal Sharma

और वह लाख प्रयास करने के बाद भी कुछ लिख नही पाया था।उसे हर सप्ताह एक कहानी अखबार को देनी होती थी।एक सीरीज वह लिख रहा थाजिंदगी के आस पासइसके के लिए हर सप्ताह एक नए विषय पर एक कहानी...

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