Best Spiritual Stories stories in hindi read and download free PDF

बुघ्घ वचन - ओशो वाणी
by Sonu dholiya
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प्रवचनमाला-- मरौ है जोगी मरौ प्रवचन नं---1भाग----8...बुद्ध के पास एक आदमी आया। उसने कहा. जो नहीं कहा जा सकता, वही सुनने आया हूं। बुद्ध ने आंखें बंद कर लीं। बुद्ध ...

अजब प्यार की गजब कहानी (भाग-1)
by Kalpana Sahoo
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       युग बदलगया है, पर आज भी लोग अन्धबिश्वास को मानते हैं । और कभी-कभी ये साबित भी हुआ है की जो काम scince नहीं कर पाती ...

सच्ची भक्ति
by Anil jaiswal
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*गणेश चतुर्थी पर विशेषसिंधु देश की पल्ली नगरी में कल्याण नामक धनी व्यक्ति रहते थे। उनकी पत्नी थी इंदुमती। उनके विवाह को बहुत वर्ष बीत गए पर संतान का ...

और आत्माराम मिल गए......
by Meenakshi Dikshit
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आप संज्ञा शून्य से हो जाते हैं, जब कोई अपना बहुत दूर चला जाता है, अनंत की यात्रा पर,जहाँ से वो इस रूप में कभी वापस नहीं आएगा. आप ...

पंचकन्या - भाग - 3
by saurabh dixit manas
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#अहिल्या_तारा_द्रौपदी_कुन्ती_और_मंदोदरी,#पंचकन्या_महारत्ने_महापातक_नाशनम......अर्थात नित्यप्रति पंचकन्याओं का नाम स्मरण करने से महापाप का भी नाश हो जाता है।#अब_आगे_पढिये...... गौतम ऋषि के श्राप से अहिल्या पत्थर की शिला बनकर भगवान श्रीराम का आतिथ्य ...

संस्मरण..
by Manoj Sharma
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संस्मरण.. प्रश्न : क्या सच में उस दिन मैंने भगवान पे उजाला कर दिया था ?? हमारे शहर ग्वालियर और गुना के बीच एक जिला और पड़ता है, जिसे ...

दशानन का शिव भवन
by Mahendra Sharma
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शिवपुराण का एक प्रसंग हैदशानन जो रावण के नाम से प्रचलित हुआ, वह एक बहुत बड़ा वास्तु शास्त्री था और उतना ही बड़ा शिवभक्त भी था।शिवजीने खुद उसे सबसे ...

मीराबाई
by suraj sharma
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     ऐसी लागी लगन, मीरा हो गयी मगन ।।वो तो गली गली हरी गुण गाने लगी ॥    महलों में पली, बन के जोगन चली ।मीरा रानी दीवानी ...

काशी के गोकुल धाम
by AKANKSHA SRIVASTAVA
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         नंद के घर आनंद भयो जय कन्हैयालाल की.... https://youtu.be/5f4cLVn9pKo छैल छबीला,नटखट,माखनचोर, लड्डू गोपाल,गोविंदा,जितने भी नाम लिए जाए सब कम है। इनकी पहचान भले अलग अलग ...

श्री मद्भगवतगीता माहात्म्य सहित - 21 (हनुमान चालीसा, हनुमानजी आरती और भजन)
by Durgesh Tiwari
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जय श्रीकृष्ण भक्तजनों!आज भगवान श्रीकृष्ण और श्रीगीताजी के अशीम अनुकम्पा से हनुमान चालीसा और आरती के साथ भजन को लेकर आपके सम्मुख उपस्थित हूँ।आप सभी हनुमान चालीसा के अमृतमय ...

श्री मद्भगवतगीता माहात्म्य सहित - 20 - (गर्भ गीता, स्त्रोतम् और नागलीला)
by Durgesh Tiwari
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जय श्रीकृष्ण बंधुवर!भगवान श्रीकृष्ण और श्रीगीताजी के अशीम अनुकम्पा से  (गर्भगीता) श्रीकृष्ण अर्जुन सम्वाद लेकर उपस्थित हूँ तथा साथ ही स्त्रोतम् और नागलीला को भी लेकर उपस्थित हूँ ।आपसभी ...

गुनाहगार कोन ? - 3
by sk hajee
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आशा है के गुनाहगार कोन ? इस धारावाहिक का दुसरा भाग आपको पसंद आया होगा । अभी हम इसके अगले भाग की तरफ बढ़ते है । सम्मेलन : इस ...

नरसी मेहता
by suraj sharma
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            'वैष्णव जन तो तैणे कहिए जे पीड पराई जाणे रे' आप सबने ये भजन बहोत बार सुना होगा, गांधीजी को भी ये भजन प्यार ...

भक्ति और प्रेम
by Prem Nhr
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'भक्ति और प्रेम'बहुत पहले की बात है। एक बार दो अलग-अलग व्यक्तियों के मन में आया कि चलो घर का त्याग करते हैं। संसार बहुत बड़ा है जैसा खाने ...

श्रीमद्भगवतगीता महात्त्म्य सहित 19 (आरती)
by Durgesh Tiwari
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श्रीमद्भगवतगीता (आरती)~~~~~~~~~~~~~~ॐ~~~~~~~~~~~~~                    ?आरती गीता जी की?करो आरती गीता जी की।।जग की तारण हार त्रिवेणी, स्वर्गधाम की सुगम नसेनी।अपरम्पार शक्ति की ...

श्रीमद्भगवतगीता महात्त्म्य सहित (अध्याय-१८)
by Durgesh Tiwari
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जय श्रीकृष्ण भक्तजनों!ईश्वर के प्रिय आप सभी भक्त जनों के लिए श्रीगीताजी के सबसे फलदायी अध्यायय को लेकर उपस्थित हु । श्रीगीताजी के इस अध्यायय के नित्य पाठ करने ...

गुनाहगार कोन ? - 2
by sk hajee
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आशा करता हुं आपको गुनाहगार कोन ? का भाग एक जरूर पसंद आया होगा । चलो शुरूआत करते है इसके दुसरे भाग की जो इस पंथ/संगठन के कुछ मौलिक ...

पंचकन्या - भाग - 2
by saurabh dixit manas
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#पंचकन्या_भाग_2........... #मानसब्रह्मा जी ने श्रृष्टि की सुन्दरतम रचनाओं से तत्व लेकर (अहल्या) अहिल्या के अंगों में उनका समावेश करके एक युवती की रचना की जिससे एक अनुपम सुंदरी कन्या ...

श्रीमद्भगवतगीता महात्त्म्य सहित (अध्याय-१७)
by Durgesh Tiwari
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जय श्रीकृष्ण बंधुवर!भगवान श्रीकृष्ण और श्रीगीताजी के अशीम अनुकंपा से आज श्री गीताजी के सत्रहवें अध्यायय को लेकर आया हु। आप सभी बन्धुजन श्रीगीता जी अमृतय शब्दो को पढ़कर, ...

श्रीमद्भगवतगीता महात्त्म्य सहित (अध्याय-१६)
by Durgesh Tiwari
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जय श्रीकृष्ण बंधुवर!भगवान श्री कृष्ण और श्रीगीताजी के अशीम अनुकम्पा से आज श्री गीताजी के १६वें अध्याय को लेकर उपस्थित हूँ। आप सभी प्रियजन श्रीगीताजी के अमृतमय शब्दो को ...

गुनाहगार कोन ? - 1
by sk hajee
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आज हम कुछ ऐसे विषय पर बात बात, जानकारी लेंगे जो हम सब को इसके बारे मे जानना जरूरी है । भारत का एक मजहब जिसका एक पंथ जिसकी ...

कण कण उनका शस्त्र है
by Ajay Kumar Awasthi
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1. रामचरित मानस में कथा है कि भगवान श्री राम माँ सीता जी के साथ चित्रकूट में एक शिला पर बैठे थे और तभी जयंत नामक कौए ने माँ ...

श्रीमद्भगवतगीता महात्त्म्य सहित (अध्याय-१५)
by Durgesh Tiwari
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   जय श्रीकृष्ण बंधुवर!  श्रीगीता जी के अशीम अनुकम्पा से आज श्री गीताजी के १५ वें अध्याय को लेकर उपस्थित हूँ श्रीगीताजी के अमृतमय शब्दो को पढ़कर आप सभी ...

तपस्वी
by Kartik
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हिमालय की तलहटी में एक शिष्य अपने शिष्यों के साथ रहता था।  प्रतिदिन जप करने के बाद, उसका जीवन छोटा हो जाता है। एक बार वे और उनके शिष्य एक ...

श्रीमद्भगवतगीता महात्त्म्य सहित (अध्याय-१४)
by Durgesh Tiwari
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जय श्रीकृष्ण बन्धुवर!भगवान की अशीम अनुकम्पा से आज श्रीमद्भगवतगीता जी के चौदहवें अध्याय को लेकर उपस्थित हूँ। आपसभी बन्धुजन स3 निवेदन है कि आप सभी बन्धुजन श्रीगीता जी के ...

श्रीमद्भगवतगीता महात्त्म्य सहित (अध्याय-१३)
by Durgesh Tiwari
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जय श्रीकृष्ण बंधुवर!श्रीगीताजी और परमेश्वर की कृपा से गीता जी के तेरहवें अध्याय के साथ आपके सम्मुख उपस्थित हूँ। श्रीगीताजी के अमृतमय शब्दो को पढ़कर अपने जीवन को कृतार्थ ...

11. प्रार्थना
by श्री यशपाल जी महाराज (परम पूज्य भाई साहब जी)
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इति मार्ग की साधना पद्धति 11. प्रार्थना हे दीनबन्धु दयालु भगवन दुःख भय संशय हरण । जग मोह जाल कराल है आया प्रभू तेरी शरण ।। मैं पतित हूँ ...

10. आनन्द योग - ध्यान-योगाभ्यास से लाभः
by श्री यशपाल जी महाराज (परम पूज्य भाई साहब जी)
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इति मार्ग की साधना पद्धति 10. आनन्द योग — ध्यान—योगाभ्यास से लाभः 1.मस्तिष्क पवित्र, शांत, प्रसन्न एवं स्थिर रहता है । 2.चित—वृत्तियों का सहज निरोध होता है । 3.सभी ...

9. संक्षिप्त जीवन परिचय संरक्षक, अखिल भारतीय संतमत सत्संग (रजि.)
by श्री यशपाल जी महाराज (परम पूज्य भाई साहब जी)
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इति मार्ग की साधना पद्धति 9. संक्षिप्त जीवन परिचय संरक्षक, अखिल भारतीय संतमत सत्संग (रजि.) आधुनिक काल में आनन्द—योग के वर्तमान पथ—प्रदर्शक परम सन्त महात्मा श्री सुरेश जी (परम ...

8. आध्यात्मिक साधना शिविर-राष्ट्रीय सत्संग कार्यक्रम
by श्री यशपाल जी महाराज (परम पूज्य भाई साहब जी)
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इति मार्ग की साधना पद्धति 8. आध्यात्मिक साधना शिविर—राष्ट्रीय सत्संग कार्यक्रम अखिल भारतीय सन्तमत सत्संग की परम्परा के सद्‌गुरुओं का मूलभूत सिद्धान्त रहा है कि आन्तरिक ध्यान—योगाभ्यास व उपासना ...