उस रात, डाइनिंग टेबल पर काया के हाथ के बने पुलाव की खुशबू ने भले ही माहौल में थोड़ी मिठास घोल दी थी, लेकिन जैसे ही वंशिका अपने बेडरूम की खामोशी में लौटी, उसके मन का अंधेरा फिर से गहराने लगा। उसने लोन के कागजात तो फाड़ दिए थे, लेकिन उन फटे हुए पन्नों के साथ उसकी उम्मीदें भी बिखरी हुई महसूस हो रही थीं।वंशिका को अपनी हार का अहसास तब हुआ जब उसे पता चला कि उसके जिम की आधी से ज्यादा मेंबर्स अब पास ही में खुले एक नए, आलीशान 'ग्लोबल फिटनेस' जिम की ओर मुड़ गई हैं।