पहाड़ियों की चोटी पर स्थित उस विशाल और जर्जर हवेली को लोग 'चीखती हवेली' कहते थे। लोगों का मानना था कि रात के सन्नाटे में वहां से सिसकियों और फोन की घंटी बजने की आवाजें आती हैं, जबकि उस हवेली में दशकों से कोई नहीं रहता था। आर्यन, जो एक निडर खोजी लेखक था, इस राज से पर्दा उठाने वहां पहुँच गया।चीखती हवेली को अपना नया शिकार मिल गया है।"शहर के शोर से दूर, आर्यन ने पहाड़ियों के बीच एक पुराना बंगला किराए पर लिया था। वह एक लेखक था और उसे शांति चाहिए थी। लेकिन उस बंगले की शांति