भाग ५ "सुनेत्रा" ट्युशन से आते समय पीछे से एक लडके का आवाज आया। सुनीऔर मै पलटे मुझे विश्वास ही नही हो रहा था। वह लडका सचिन था।" हां...??" सुनी का इतना ही उत्तर निकला"थोड़ा काम था।" वह बोला। मुझे पूरी तरह से इग्नोर करते हुए पूरी तरह उसकी तरफ ध्यान देते हुए बोला ।"मुझसे...?? क्या...।" सुनी ने शांत स्वर में पूछा"तुम संस्कृत की ट्यूशन जाती हो ना...?? मुझे नहीं जाते आएगा। काम ही इतने होते हैं घर में...तो मुझे संडे को पढ़ने के लिए तुम्हारी क्लास की कॉपी दोगी क्या..?? बाकी किसी की भी ले सकता था, पर तुम क्लास में