भाग ६क्लास की छुट्टी हो गई थी। मैं और सुनी चलते हुए थोड़े ही आगे आए थे कि हमें सचिन के साइकिल की वही खड़खड़ सुनाई दी।"आ गया!!" सुनी मेरी तरफ देखकर हंसते हुए बोली "एकदम समय पर आए है सचिन!! तू बिल्कुल चुकता नहीं। वह बोली वह पास आकर रुक, सुनी ने अपनी बैग में से कॉपी निकाली और उसके सामने की।" Thanks यार..तेरी वजह से मेरे लिए बहुत आसानी हो गई है।" वह बोला उसने कॉपी लेने के लिए हाथ बढाया ही था कि मुझे कुछ सूझा... अचानक...।"मैंने आज कुछ भी नहीं लिखा क्लास में। सुनी मुझे तेरी कॉपी चाहिए।"