छोटेपन से ही अयन कुछ अलग था। सोनाई किसके साथ घूम रही है, किससे ज़्यादा बातें कर रही है, कौन उसके करीब आने की कोशिश कर रहा है—हर चीज़ पर अयन की अजीब सी नज़र रहती थी।ये बात धीरे-धीरे सोनाई को घुटन देने लगी थी।स्कूल में कोई लड़का तो दूर, कोई लड़की भी अगर सोनाई के ज़्यादा करीब आने की कोशिश करती, तो अयन किसी ना किसी तरह उसे दूर कर देता। वह कभी चिल्लाता नहीं था, कभी खुलकर झगड़ा भी नहीं करता था… लेकिन उसकी शांत, ठंडी और गंभीर आवाज़ ही लोगों को डराने के लिए काफी थी।धीरे-धीरे सोनाई