अभी तक हमने देखा कि सृष्टि ने ध्रुव को पहचान लिया था लेकिन सामने नहीं गयी ओर होटल चली गयी वहां वेद ने अपना काम उसे करने को कहा, ये ही नहीं अनजाने मे ध्रुव भी उसी होटल मे आ गया। वेद ने ज़ब उसका आर्डर लेने को कहा तब वो घबरा गयी कि वो उसे पहचान ना ले वो अपने कदम उसकी ओर बढ़ा ही रही थी तब उसे याद आया कि ज़ब वो मंदिर मे पहली बार मिले थे तब भी उसकी आवाज़ नहीं पहचानी थी उस समय उसे हल्का हल्का जुकाम हो रहा था जिसकी वजह से