us ek subhah ke baad by राजेश ओझा in Hindi Classic Stories PDF

उस एक सुबह के बाद

by राजेश ओझा in Hindi Classic Stories

रमा सारे काम निपटा कर बैठी ही थी कि मोबाइल बज उठा..स्क्रीन पर विटिया दीपाली का नम्बर चमक रहा था..हौले से फोन उठाया"हां बेटा..! हलो..""मम्मी अखिलेश अंकल को कल तक रोंकना, मैं कल आ रही हूँ""पर बेटा उन्हें तमाम ...Read More