mahesh katare - chhachiya bhar chhachh by राज बोहरे in Hindi Moral Stories PDF

महेश कटारे - छछिया भर छाछ

by राज बोहरे Matrubharti Verified in Hindi Moral Stories

छछिया भर छाछ हर नुक्कड़ पर ठट्ठे थे। गो कि अलाव उसी अनुपात में कम हो चुके थे जिस अनुपात में बैलों से खेती। खेतों में बैलों की घंटियों से टुनटुन की जगह ट्रेक्टर की भटर-भटर है। ...Read More