jor julum ki takkar se by राज बोहरे in Hindi Moral Stories PDF

जोर जुलुम की टक्कर में....

by राज बोहरे Matrubharti Verified in Hindi Moral Stories

ट्रेन ठीक ग्यारह बजे आती थी । फटेहाल देहाती से दिखते मजबूत लोगों के एक जत्थे ने स्टेशन पर प्रवेश किया । इसके पांचेक मिनिट बाद दूसरा जत्था भीतर आया, फिर रेला सा लग गया । दस ...Read More