पहली मुलाकात: बारिश और नीला छाताशहर में उस शाम अचानक मौसम ने करवट ली। आसमान ने अचानक अपना रंग बदल लिया। काले बादल जैसे पूरे शहर को अपनी गिरफ्त में ले चुके थे।आर्यन ने दफ्तर से बाहर कदम रखा ही था कि तेज हवा के साथ मूसलाधार बारिश शुरू हो गई। लोग इधर-उधर भागने लगे, गाड़ियों के हॉर्न का शोर बारिश की आवाज में डूब गया। आर्यन भी बस स्टॉप की ओर भागा, लेकिन तब तक वह आधा भीग चुका था। उसके हाथ में दफ्तर की कुछ बेहद जरूरी फाइलें थीं, जिन्हें वह अपने कोट के अंदर समेटकर बारिश से