Brainfivar by Manisha Kulshreshtha in Hindi Short Stories PDF

ब्रेनफीवर

by Manisha Kulshreshtha in Hindi Short Stories

वह रसोई से बाहर निकली, आखिरी काम समेट, पल्लू से चेहरे का पसीना पोंछती।घर से लगे उसके पति के दफ्तरनुमा कमरे में आ गई। उसकी दुर्बल, छोटी देह संकोच उत्सर्जित कर रही थी। बड़ी-बड़ी आँखों में तरलता और नाक ...Read More