Sabreena - 10 by Dr Shushil Upadhyay in Hindi Women Focused PDF

सबरीना - 10

by Dr Shushil Upadhyay in Hindi Women Focused

‘उस पल मेरे लिए दुनिया की सारी नैतिकता, सारे मूल्य और इंसानियत, सब कुछ खत्म हो गया। मेरे भीतर गुस्सा, नफरत और कुंठा भर गई। मैं बदला लेना चाहती थी। पर, किससे बदला लूं, पता ही नहीं था। जिंदगी ...Read More