Ishq - 3 by om prakash Jain in Hindi Short Stories PDF

इश्क. - 3

by om prakash Jain in Hindi Short Stories

शेखर -सिम्मी से भाभी मत आना तुम ।अब सेचुवेसन बदल गया है ।मैं तुम्हें लेने आधे रस्ते तक लेने पहुँच गया हूँ ।तुम घर वापस चले जाइये ।अब फ़िल्म की गति बदलने लगी है ।वेदांत दीवाना हो गया है ...Read More