Bua--(Story of Vijay Sharma) by Saroj Verma in Hindi Women Focused PDF

बुआ--(विजय शर्मा की कहानी)

by Saroj Verma Matrubharti Verified in Hindi Women Focused

विजय शर्मा याद नहीं पड़ता उसने कभी मुझे प्यार किया हो, कभी दुलारा हो, पुचकारा हो. हमेशा दुत्कारा था मुझे उसने. मैं उसकी झिड़कियों की आदी हो गई थी. दिन में कम-से-कम तीन-चार बार वह मेरे लिए अवश्य कहती ...Read More