Pagli badli by Rakesh Kumar Pandey Sagar in Hindi Poems PDF

पगली बदली

by Rakesh Kumar Pandey Sagar in Hindi Poems

१- "पगली बदली" है समां बारिश का, धरती का आँचल झूम रहा, मौसम-ए-बसंत में नटखट सा अली घूम रहा।। फुहार बूँदों की इस वसुंधरा को सिंचित करें, कोपलें हँसने ...Read More