क्षितिज (काव्य संकलन) - 5 - अंतिम भाग

by Rajesh Maheshwari Matrubharti Verified in Hindi Poems

सफलता का आधार जब मन में हो दुविधा और डिग रहा हो आत्म विश्वास तब तुम करो आत्म चिंतन और करो स्वयं पर विश्वास यह है ईश्वर का अद्भुत वरदान इससे तुम्हें मिलेगा कठिनाईयों से ...Read More


-->