**कहानियों का सारांश:** 1. **राखी**: मुन्नी अपने भाई गणेश से गुड़िया मांगती है, लेकिन उसके बुखार के कारण सारी पैसे दवा में चले जाते हैं। गणेश फिर से फूल बेचने निकलता है, पर दंगे के कारण वह फूल नहीं बेच पाता और मुन्नी की इच्छा पूरी नहीं कर पाता। 2. **ठेका**: राम, जो बैलून बेचता है, अपनी बीमार माँ के लिए जल्दी घर लौटना चाहता है। एक ग्राहक से बैलून खरीदने की कोशिश करता है, लेकिन वह गुस्सा होकर मना कर देता है। बाद में, राम का एक्सीडेंट होता है और उसके बच्चे ICU में भर्ती होते हैं, लेकिन उसका बॉस एडवांस देने से मना करता है। 3. **पापा की नाराज़गी**: निशा अपने पिता से डांस सीखने की इच्छा बताती है, लेकिन उसके पिता मोहन लाल को यह पसंद नहीं है क्योंकि वे चाहते हैं कि उसकी बहन सोनल बड़ा अफसर बने। दो साल बाद, जब मोहन को निशा की डांस प्रतियोगिता में सफलता दिखती है, तो उनका गुस्सा खत्म हो जाता है और वह अपनी बेटी की तस्वीर को गले लगाते हैं। 4. **पुरानी तस्वीर**: सोनल अपनी अलमारी साफ करते समय एक पुरानी तस्वीर देखती है जिसमें उसकी दीदी रीता उसे प्यार से देख रही है। रीता हमेशा सोनल का साथ देती रही, लेकिन दिल का दौरा पड़ने से उसकी अचानक मृत्यु हो जाती है। अब सोनल अपनी भांजी की ढाल बनने का संकल्प करती है। Prashno ki Potli by Rewa Tibrewal in Hindi Short Stories 40k 1.8k Downloads 6.3k Views Writen by Rewa Tibrewal Category Short Stories Read Full Story Download on Mobile Description 1. राखी (लघु कथा ) आज राखी है मुन्नी ने बोला भइया इस बार गुड़िया लूँगी ......पिछली बार भी आपने बहला फुसला कर कुछ न दिया था मुझे गणेश बोला इस बार पक्का और मुस्कुरा दिया , उसने फूल बेच कर रुपये जो जोड़ रखे थे। लेकिन दोपहर को मुन्नी को बुखार आ गया ,डॉक्टर और दवा के चक्कर मे सारे पैसे चले गए....... फिर भी उसने हार न मानी फिर से फूल बेचने निकल पड़ा , उसे विश्वाश था शाम के समय उसके सारे फूल बिक जाएंगे। और वो मुन्नी को प्यारी सी गुड़िया देगा। More Likes This जिस जीवन में तुम थे - 2 by SHREYA INDUSHREE तुम्हें भी तो याद आती होगी - 1 by Anil Kundal मेरा साहित्य लेखन by Rakesh Kumar Sharma अलविदा आनंद! by Devendra Kumar आग और ठहराव - 1 by Alka rahul Aggarwal क्या सब ठीक है - 5 by Narayan Menariya बारह बरश का इंतज़ार - 1 by kusum kumari More Interesting Options Hindi Short Stories Hindi Spiritual Stories Hindi Fiction Stories Hindi Motivational Stories Hindi Classic Stories Hindi Children Stories Hindi Comedy stories Hindi Magazine Hindi Poems Hindi Travel stories Hindi Women Focused Hindi Drama Hindi Love Stories Hindi Detective stories Hindi Moral Stories Hindi Adventure Stories Hindi Human Science Hindi Philosophy Hindi Health Hindi Biography Hindi Cooking Recipe Hindi Letter Hindi Horror Stories Hindi Film Reviews Hindi Mythological Stories Hindi Book Reviews Hindi Thriller Hindi Science-Fiction Hindi Business Hindi Sports Hindi Animals Hindi Astrology Hindi Science Hindi Anything Hindi Crime Stories