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महिला पुरूषों मे टकराव क्यों ? - 13 - केतकी का प्यार
by कैप्टन धरणीधर

केतकी अपने ससुराल वालों के साथ सालासर जा रही है , केतकी की सास कनखियों से केतकी व अभय को रह रहकर देख रही है । गाड़ी में भजन ...

कर्जा माफ़ – किसान हेरान – सरकार परेशान
by Arun Singla

हरिराम के उम्र पेंतीस आगे निकल चुकी थी, उसके दो लड़के थे, बड़ा राजू दस वर्ष का था, व् छटी क्लास में और छोटा अक्षय आठ वर्ष का चोथी ...

जादुई मन - 5 - भविष्य की घटना देख लेना
by कैप्टन धरणीधर

अध्याय 4 के आगे - मन का पूरे शरीर पर नियंत्रण – ईश्वर के बाद मन को ही अधिक शक्तिशाली मान सकते हैं क्योंकि मन का पूरे शरीर पर ...

महिला पुरूषों मे टकराव क्यों ? - 12
by कैप्टन धरणीधर

बुआ केतकी के कुम्हाये चेहरे को देख मुस्कुराई..केतकी ने फोन कट दिया और बुआजी से बोली ..बुआजी अभय की चाय रहने दीजिए वे अभी सो रहे हैं ..बुआ जी ...

महिला पुरूषों मे टकराव क्यों ? - 11
by कैप्टन धरणीधर

सभी चौक में बैठे बैठे बात कर रहे थे, एकाएक दो औरतें आकर नाचने लगी, पांव उछाल उछाल कर कमर मटका रही थी । सब उन्हें देखने, घर के ...

નવરાશ
by Zalak bhatt

જીવનમાં માણસોને કેટલીવાર નવરાશ મળતી હોય છે અને ઘણી વાર તો તેઓ નવરાશ માં પણ પોતાને વ્યસ્ત રાખવાની જ શોધમાં હોય છે.કેવું ને? જેમકે,બાળકોને આપણે હંમેશા ઠપકો આપતાં હોય ...

जादुई मन - 4 - बिन्दु त्राटक
by कैप्टन धरणीधर

अध्याय 3 के आगे --बिन्दु त्राटक में अनुभूति – जब हम बिन्दु त्राटक कर रहे होते हैं, तो हमें कैसे पता चले ? कि हम बिन्दु त्राटक सही कर ...

महिला पुरूषों मे टकराव क्यों ? - 10
by कैप्टन धरणीधर

केतकी ठिठक कर रूक गयी ..पीछे मुड़कर देखने लगी ..केतकी समझ नही पा रही थी ..यह क्या हो रहा है ? फिर से अभय बोला अंदर कौन है ? ...

जादुई मन - 3
by कैप्टन धरणीधर

बाह्य मन की अपेक्षा अन्तर्मन अधिक शक्तिशाली होता है । मन को शक्तिशाली बनाने के लिए हम कुछ साधनाओं की चर्चा करेंगे ।त्राटक साधना में बिंदु त्राटक से शुरुआत ...

महिला पुरूषों मे टकराव क्यों ? - 9
by कैप्टन धरणीधर

फोन पर पूरण सिंह केतकी का ससुर बात कर रहा था ..सभी का ध्यान पूरणसिंह पर था..पूरणसिंह के चेहरे पर आने वाले भावों को देख सभी हैरान थे । ...

जादुई मन - 2
by कैप्टन धरणीधर

अध्याय एक उन व्यक्तियों का मन अधिक कमजोर होता है, जिनकी दिनचर्या अस्त व्यस्त रहती है, जो लोग अपनी पूरे दिन की कार्य योजना नहीं बनाते, जो अनुशासन ...

जादुई मन - 1
by कैप्टन धरणीधर

लेखक परिचय – कैप्टन धरणीधर पारीक, पुत्र श्री राधेश्याम पारीक जयपुर राजस्थान। धर्मगुरू भारतीय सेना (सेवा निवृत्त) शिक्षा – संस्कृत व हिन्दी से शास्त्री शिक्षा शास्त्री (एमए बी एड) ...

महिला पुरूषों मे टकराव क्यों ? - 8
by कैप्टन धरणीधर

केतकी का पिता समझ नही पा रहा था आखिर ऐसा क्या हुआ जो मेरी फूल सी बेटी सिसक सिसक कर रो रही है । केतकी की मा बोली ..मुझे ...

અંતિમ સંસ્કાર
by મહેશ ઠાકર

સાચી શાસ્ત્રીય વિધિ અંતિમસંસ્કારનીઅગ્નિદાહ, જલાંજલિ આપ્યા બાદ રુદન કરવું ન જોઈએ અન્યથા મૃતકને સગાંસંબંધીઓનાં આંસુ અને કફનું પાન કરવું પડે છેલગ્ન, ગૃહપ્રવેશ, નોકરી-ધંધાનો આરંભ મહદંશે શાસ્ત્ર અનુસાર, શુભ મુહૂર્તમાં, ...

Through the Lenses of Science - Article - 1
by Jitendra Patwari

Hello Everyone, This is going to be a long series of articles, it may contain more than 50 articles. Hence, let us have a brief sketch of what would ...

महिला पुरूषों मे टकराव क्यों ? - 7
by कैप्टन धरणीधर

सबसे पहले.. घर के सबसे बड़े ससुर ..आकर खड़े हो गये..बुआजी बोले ..बहु इनके पांव पकड़ लो ..केतकी ने वैसा ही किया ..बड़े ससुर नीचे झुका तो केतकी को ...

महिला पुरूषों मे टकराव क्यों ? - 6
by कैप्टन धरणीधर

केतकी मन में सोच रही थी.. खुशी की बात हो और खुशी न हो.. यह कैसे हो सकता है ..क्या अभय का नेचर ही ऐसा है ..या शादी की ...

महिला पुरूषों मे टकराव क्यों ? - 5 - सत्य घटना पर आधारित
by कैप्टन धरणीधर

लेखन तिथि - 01 मई 2022 सभी का ध्यान अभय के मित्र पर .. सीएच एम बोला .. अभय को बताना वह.. नायकी केडर में पास हो गया है ...

महिला पुरूषों मे टकराव क्यों ? - 4 - सत्य घटना पर आधारित कहानी
by कैप्टन धरणीधर

लेखन तिथि 28/4/2022 कहानी 1 पात्र - 01 केतकी - आधुनिक लड़की (फैशन डिजाइनर)02 अभय सिंह- केतकी का पति (सेना मे नायक)03 विजय - केतकी का पिता एक (व्यवसायी) ...

Books
by Akshika Aggarwal

Books are our nicest palsBooks are our nicest pals, there is a mumbling. Texts books are the ones which lend us a tremendous quantity of proficiency. We move to ...

महिला पुरूषों मे टकराव क्यों ? - 3 - कवियों ने नारी को भोग्य वस्तु बन
by कैप्टन धरणीधर

अध्याय 3 नारी भोग्या क्यों ?नारी तुम पुरूषों के समान ही थी तुम्हारे पास सारे अधिकार थे तुम समाज मे आदरणीया रही । क्यों तम्हारे शरीर को आकर्षण का ...

સોનાની કેરી
by Setu

આજે ઓફિસ જતી વખતે સવારે ટ્રાફિક સિગ્નલ નડ્યું, સામે ટાઇમ લાઈટ જોઈ તો બેતાલીસ સેકન્ડ બાકી હતી એટલે શ્રેયા એક્ટિવા બંધ કરીને ઊભી રહી! ફૂટપાથ પર રેકડી લઈને બેઠેલા ...

कठपुतलियाँ
by Ranjana Jaiswal

मैं उस समय कक्षा में बच्चों को पढ़ा रही थी, जब दाई ने आकर कहा-बड़ी प्रिंसिपल बुला रही हैं। मैं अन्दर ही अन्दर काँप गई- हे ईश्वर, फिर बुलावा! ...

महिला पुरूषों मे टकराव क्यों ? - 2 - वैचारिक भिन्नता
by कैप्टन धरणीधर

भारतीय महिलाएं पश्चिमी देशों के तौर तरीके इस लिए अपनाने लगी क्योंकि उसे अपने रहन सहन से श्रेष्ठ मानने लगी इसी तरह पुरूष भी पश्चिमी संस्कृति को श्रेष्ठ मानकर ...

महिला पुरूषों मे टकराव क्यों ? - 1
by कैप्टन धरणीधर

आपने एक खेल कभी अपने बचपन मे खेला होगा दो दल बच्चो के बनाये जाते है एक दल घोड़ी बन जाता है दूसरे दल वाले उनकी पीठ पर बैठ ...

Cerebral Palsy my Condition my life
by Akshika Aggarwal

Cerebral Palsy is a cluster disorder that influences an individual's ability capability to stride and maintains balance or body posture. CP is the most widespread locomotor disability in boyhood ...

साहित्य के अंधेरे उजेले 
by Ranjana Jaiswal

लेखन की दुनिया बड़ी जटिल है |इस दुनिया में सबकी अपनी-अपनी महत्वाकांक्षाएँ हैं |सबके अपने लक्ष्य हैं |सब नंबर वन पर आना चाहते हैं ,जिसके लिए वे कई प्रकार ...

नौकरानी की बेटी - 50 - अंतिम भाग
by RACHNA ROY

आज आनंदी बहुत ही खुश हैं वो इसलिए कि अन्वेशा, चेतन, रीतू, शैलेश,शना सभी वापस आ रहे है।वो भी अन्वेशा की शादी होने वाली है।।अन्वेशा की एम डी की ...

निजी स्कूलों के अध्यापकों का दर्द - एक नजर 
by Ranjana Jaiswal

वर्तमान समाज में यदि कोई सबसे दयनीय प्राणी है तो वह है अध्यापक |और अगर वह किसी निजी स्कूल का हुआ तो और भी |वह इतना दबाव झेलता है ...

नौकरानी की बेटी - 49
by RACHNA ROY

आनंदी का लंदन में चार साल के ऊपर हो गया।अन्वेशा एम डी के साथ ही प्रेक्टिस भी करने लगी थी।आनंदी को अब वापस जाना था उसका एयर टिकट भी ...

માનવ શરીર
by Ashish

પિંડે સો બ્રહ્માંડે.*માનવ શરીર વિશે જાણો*૧. પંચ મહાભૂત : પૃથ્વી, પાણ પવન, પ્રકાશ, આકાશ ; પાંચ જ્ઞાાનેન્દ્રિય :- આંખ, કાન, નાક, જીભ,ત્વચા,પાંચ કર્મેન્દ્રિય:- હાથ, પગ, ગુદા, લિંગ, વાણી, પાંચ ...

नौकरानी की बेटी - 48
by RACHNA ROY

फिर रीतू स्टेज पर पहुंच गई और फिर एक बाक्स में दो अंगुठी लेकर अन्वेशा और चेतन को खड़े होने को कहा।फिर दोनों ने एक दूसरे को अंगूठी ...