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  • Muhabbat Ek Sabaq - 17

    "ठीक है प्रॉमिस नही बताउंगी किसी को भी ,आप बताएं तो बात क्या है"??वह curious सी...

  • अनाथ - अध्याय 5

    सुबह की पहली किरणें अभी जंगल की ऊँची पहाड़ियों पर पड़नी शुरू ही हुई थीं। अर्जुन...

  • आत्मीय सुख

    ऋगुवेद सूक्ति--(२०) की व्याख्या "कृत्वा चेतिष्ठो विश्वार्म्भूत"" १/६५/५भावार्थ -...

  • मंदिर में तुम - 10

    कुछ दिनों बाद…सब कुछ शांत हो चुका था…खतरा खत्म…डर खत्म…अब…सिर्फ एक मंज़िल थी इंड...

  • ప్రణయ గీతిక - 9

    పని ముగించుకుని గదిలో పలికి వెళ్ళిన ప్రియా మాదేవి బంగారంని ఒడిలోకి కూర్చోబెట్టుక...

  • प्रकृति के चमत्कार

    प्रकृति के चमत्कार(लगभग 2000 शब्दों की प्रेरणादायक हिन्दी कहानी)प्रकृति से बड़ा...

  • પરિવર્તન એ જ સફળતા ની ચાવી

    બદલાવને સ્વીકારનાર જ જીવનમાં સાચી સફળતા મેળવે છેજીવન એક સુંદર સફર છે. આ સફરમાં સ...

  • Raaz - Part 10

    दोनों आमने-सामने बैठ गए।दुकान में रखी पुरानी लकड़ी की कुर्सियों पर दोनोंआमने-साम...

  • नदी के उस पार वाली ट्रेनिंग

    *शीर्षक: "नदी के उस पार वाली ट्रेनिंग"* ---गाँव का नाम था बिरसिया। राजस्थान और M...

  • એક જવાબદારી ધરાવતા આદમીની વાત

    આ આદમી ઉપર ખૂબ જ જવાબદારીઓ હતી જેનો પગાર 10,000 મહિને હતો મુંબઈ જેવા ભીડ જેવા શહ...

Raaz By Aarushi Singh Rajput

Chapter 1

दिल्ली। सुबह के सात बजे।

अलार्म की तेज़ आवाज़ पूरे कमरे में गूँज रही थी।

बिस्तर पर चादर में लिपटी अवंतिका शर्मा ने करवट बदली और तकिया अपने कानों पर रख लिया।...

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সুপ্ত প্রেমের আগুন By L Anjum Author

এক সুন্দর সকালের সূচনা।সবে মাত্র 4:00 বাজে। এখনো সূর্যী মামার পুরোপুরি আকার দেখা যায়নি।  সকালের আকাশ যেনো একটু ঘুম ভাঙা মুখে হালকা নীল আর ধূসর মেঘে মোড়ানো। চারপাশ নিস্তব্ধ, শুধু...

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છાંયો By Kuraso

અધ્યાય 1 — વરસાદી રાત

અમદાવાદ શહેર સામાન્ય રીતે ક્યારેય સંપૂર્ણ શાંત થતું નથી.
દિવસ હોય કે રાત — ક્યાંક ન ક્યાંક ટ્રાફિકનો અવાજ, લોકોની દોડધામ, ચાની લારીઓ પર ચર્ચા… શહેર જીવંત...

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ડણક અને ડાંગ By Shakti Pandya

શરીર પર એક મેલું પહેરણ હતું, જે વરસાદમાં પલળીને તેની ચામડી સાથે ચોંટી ગયું હતું. પગમાં જોડા નહોતા; ખુલ્લા પગે તે કાંટા, કાંકરા અને વીંછીના દરો ખૂંદતો હતો. માથે વરસાદથી બચવા માટે એક...

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ভুল পথে পেলাম তোমাকে By MOU DUTTA

ভুল পথের শুরু, নতুন কারো আগমনের গন্ধ

সারা দিনটা অদ্ভুত রকমের ভারী গিয়েছিল ইরার। ক্লাসগুলো শেষ হয়েছিল বিকেল চারটায়, কিন্তু মনটা যেন কোনোকিছুতে ঠিকমতো লাগছিল না। সহপাঠীরা সবাই ক্য...

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पत्रसुमने...सुहाना सफर By Vrishali Gotkhindikar

प्रिय सोना.

.आपल्या आयुष्याचा हा सुहाना सफर तुझ्यापुढे वाचते आहे

Made for each other....पासून सुरू झालेला हा आपला प्रवासअगदीMad for each other पर्यंत पोचला होता

आपल्या लग...

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नीली रोशनी By Sapna Badh

राणा जैसे ही कमरे में प्रविष्ट हुआ तो चौंक उठा राज के सिर पर पट्टी बंधी हुई थी।उसके पास बैठते हुए राणा बोला, क्या रात में दीवार के साथ सिर टकराया था ?हां।अगर यह सच है तो तुम्हें पा...

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Beginning of My Love By My imaginary world

बॉस… आपने जैसा कहा था, काम हो गया है…
वह उसी तरह एक पैर पर दूसरा पैर रखे, उस घने अंधेरे कमरे में कुर्सी को आगे-पीछे झुलाते हुए बैठा था।
छह फीट से भी लंबा उसका शरीर मानो उस अंधेरे...

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અધૂરી વાર્તાનો અંત By Rupen Patel

એમ. એસ. યુનિવર્સિટીની આર્ટસ ફેકલ્ટીનો એ વિશાળ, ઐતિહાસિક ગુંબજ આરોહીને હંમેશાં અચંબામાં મૂકી દેતો. આણંદના એક નાના, શાંત ગામડામાંથી વડોદરા જેવી કલાનગરીમાં આવવું એ તેના માટે એક મોટા સ...

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कर्मजली कोख... By kalpita

कलावती हॉस्पिटल के लेबर रूम में प्रसव पीड़ा को चुपचाप सहन कर रही थी रेशमा…
ना कोई चीख, ना चित्कार…
बस चेहरे पर एक अजीब सी शांति थी।
पीला पड़ा चेहरा और सफेद होती आँखें किसी और ही...

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Raaz By Aarushi Singh Rajput

Chapter 1

दिल्ली। सुबह के सात बजे।

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बिस्तर पर चादर में लिपटी अवंतिका शर्मा ने करवट बदली और तकिया अपने कानों पर रख लिया।...

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દિવસ હોય કે રાત — ક્યાંક ન ક્યાંક ટ્રાફિકનો અવાજ, લોકોની દોડધામ, ચાની લારીઓ પર ચર્ચા… શહેર જીવંત...

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શરીર પર એક મેલું પહેરણ હતું, જે વરસાદમાં પલળીને તેની ચામડી સાથે ચોંટી ગયું હતું. પગમાં જોડા નહોતા; ખુલ્લા પગે તે કાંટા, કાંકરા અને વીંછીના દરો ખૂંદતો હતો. માથે વરસાદથી બચવા માટે એક...

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राणा जैसे ही कमरे में प्रविष्ट हुआ तो चौंक उठा राज के सिर पर पट्टी बंधी हुई थी।उसके पास बैठते हुए राणा बोला, क्या रात में दीवार के साथ सिर टकराया था ?हां।अगर यह सच है तो तुम्हें पा...

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बॉस… आपने जैसा कहा था, काम हो गया है…
वह उसी तरह एक पैर पर दूसरा पैर रखे, उस घने अंधेरे कमरे में कुर्सी को आगे-पीछे झुलाते हुए बैठा था।
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