Best Drama Books Free And Download PDF

Stories and books have been a fundamental part of human culture since the dawn of civilization, acting as a powerful tool for communication, education, and entertainment. Whether told around a campfire, written in ancient texts, or shared through modern media, Drama in All books and stories have the unique ability to transcend time and space, connecting people across generations and cultures. They...Read More


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दो पतियों की लाडली पत्नी - 32 By Sonam Brijwasi

Shreya अब भी Karan से थोड़ा-सा सिहर कर दूर बैठी थी।Karan ने उसे देखा…उसकी आँखों में वही डर था—जो वो कभी नहीं देखना चाहता था।ये डर उसे कहीं भीतर तक तोड़ देता है।KARAN (मन में, टूटता...

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વર્કિંગ વુમન By Aloka Patel

શું આટલું જ બોલવું સફિસેન્ટ છે.કે પછી એને કામચોર, આળસુ, બેજવાબદાર એ પણ બોલી શકાય????આ સમાજ માં નોકરી કરવી એ એક શોખ થઈ ગયો છે... લોકો કે છે એતો એને કામ ના કરવું પડે એટલે નોકરી કરે છ...

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50 दिन का सन्नाटा - एपिसोड 17 By Priya Chaudhary

(अस्पताल के उस वीआईपी वार्ड में सन्नाटा इतना गहरा है कि केवल केबिन की घड़ी की टिक-टिक सुनाई दे रही है। बाहर बारिश फिर से शुरू हो चुकी है, जो खिड़की पर जोर-जोर से थपथपा रही है। आर्य...

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MTNL की घंटी - 21 By kalpita

महक के दिमाग़ मे देव जी का NGO घूम रहा था  क्योकि उसने देव का एक काल्पनिक चित्र अंकित किया था अपने मन मेसोचा था —"अगर देव जी देहरादून में हैं... तो जरूर टूटे-बिखरे होंगे। शायद एकदम...

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अनकहा जुनूँ - 7 By Priya Chaudhary

(घड़ी की सुई की टिक-टिक, धीरे-धीरे मद्धम होती हुई। कमरा पूरी तरह शांत, लेकिन एक अजीब सी भारीपन महसूस हो रहा है)नरेटर: खिलौना टूट चुका था, लेकिन घर के हर कोने में अभी भी निकी की मौजू...

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બેઇન્તેહા : નફરત અને પ્રેમ - 20 By Firdous kaSak

            વિક્રમએ રોયને પૂછ્યું અથર્વ વિશે કે તેણે અથર્વને કોઈ છોકરી સાથે જોયો છે પણ રોયએ ના કહી.        વિક્રમ આગળ બોલ્યો, પણ મેં આજ તેને એક છોકરી સાથે જોયો...મસ્ત હસી મજાક સાથે...

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અસવાર - ભાગ 7 By Shakti Pandya

ભાગ ૭: પવન સાથે બાથસમય: ઓગસ્ટ, ૨૦૦૦ (વહેલી સવારના ૪ વાગ્યા)સ્થળ: સાણથલી ગામનું સુકાયેલું નદીનું કોતરહજી ગામમાં કૂકડા બોલ્યા નહોતા, આકાશમાં તારા ટમટમતા હતા, ત્યારે દેવાયતની ડેલીનો દ...

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पवित्र प्रेम या अभिशाप ? - 10 By Sonam Brijwasi

बारिश अब भी हो रही थी…गंगा किनारे टूटी सीढ़ियों पर खड़ा कृष्णा भारी साँसें ले रहा था। उसकी मुट्ठी में अब भी लाल साड़ी का वो फटा हुआ टुकड़ा था…और तभी उसने उसे देखा।एक सफेद अनारकली व...

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रोशनी जिंदगी की कैसी कशमकश - 2 By RAAHULL SHARMA

फिर वह पागलों की तरह कमला की ओर मुड़ा। उसने अपनी माँ का पल्लू खींचते हुए कहा, "माँ, मुझे भूख लगी है... आपने कहा था शहर से लौटकर रोटी खिलाओगी। माँ, चुप क्यों हो? कुछ बोलो ना माँ!" जब...

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अजनबी - 3 By Sonam Brijwasi

अपने जैसी परछाइयों को सामने देखकर…दोनों के पैरों तले ज़मीन खिसक गई…वो दोनों परछाइयां…धीरे-धीरे हंसना बंद कर चुकी थीं…अब वो सिर्फ…उन्हें घूर रही थीं…बिल्कुल वैसी ही आंखों से… जैसी उ...

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मौत से भागती दुल्हन - 12 By Sonam Brijwasi

मैदान में चारों तरफ अफरा-तफरी मची हुई थी…धूल, चीखें और गोलियों की गूंज के बीच लड़ाई अपने चरम पर थी।━━━━━━━━━━━━━━━और तभी—धाँय!!!एक तेज़ गोली की आवाज़ आई। पूरा माहौल एक सेकंड के लिए...

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माफिया कि दुल्हनिया - भाग 3 By Mamta Sahani

अपने कमरे में खिड़की के पास खड़ी थी।बाहर हल्की बारिश हो रही थी… लेकिन उसके अंदर जैसे तूफान चल रहा था।“रिश्ता…”उसके कानों में बस यही शब्द गूंज रहा था।पापा नीचे बैठकर बड़े उत्साह से...

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धर्म की परिभाषा वेदांत 2.0 By Vedanta Life Agyat Agyani

वेदांत 2.0 – प्रस्तावना (Preface)मैं देह से मनीष कुमार हूँ, पर इस ग्रंथ में "अज्ञात अज्ञानी" के नाम से लिख रहा हूँ। यह नाम केवल छद्म नहीं, एक घोषणा है: यहाँ जो शब्द, सूत्र और विचार...

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Honted Jobplace - 11 By Sonam Brijwasi

ऑफिस — सीनियर्स के केबिन के अंदर। तीनों सीनियर्स ज़मीन पर बेहोश पड़े हैं। बाकी कर्मचारी दरवाज़े के बाहर खड़े डरे हुए देख रहे हैं। कृषांत धीरे से श्राव्या के कंधे पकड़कर उसे झकझोरता...

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ಹೆಲ್ಮೆಟ್ By Danger Writer

ಮಂಗಳೂರಿನ ಕ್ಲಾಕ್ ಟವರ್ ಜಂಕ್ಷನ್ ಎಂದರೆ ಅದು ವಾಹನಗಳ ಸಾಗರ. ಸುಡುವ ಬಿಸಿಲಿಗೆ ರಸ್ತೆಯೇ ಕರಗಿ ಹೋಗುವ ಹದದಲ್ಲಿತ್ತು. ಕರ್ಕಶ ಹಾರ್ನ್ ಶಬ್ದಗಳ ನಡುವೆ ಟ್ರಾಫಿಕ್ ಪೊಲೀಸ್ ವಿಕ್ರಮ್ ಸಿಂಹ ತನ್ನ HF Deluxe ನಿಲ್ಲಿಸಿ, ಹ...

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ಅನ್ನದ ಋಣ By Danger Writer

ಮಂಗಳೂರಿನ ಆ ಸುಡುವ ಏಪ್ರಿಲ್ ತಿಂಗಳ ಮಧ್ಯಾಹ್ನ. ರಸ್ತೆಗಳು ಬಿಸಿಯಿಂದ ಕಾದ ಹೆಂಚಿನಂತಾಗಿದ್ದವು. ಶರತ್ ತನ್ನ HF Deluxe ಬೈಕ್ ಮೇಲೆ ಕುಳಿತು ಕುತ್ತಿಗೆಗೆ ಸುತ್ತಿಕೊಂಡಿದ್ದ ಟವೆಲ್‌ನಿಂದ ಬೆವರಿನ ಹನಿಗಳನ್ನು ಒರೆಸಿಕೊಳ...

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फुटपाथिया - 2 By Dr. Suryapal Singh

अंक दो (थाने के अन्दर का मैदान। एक मेज़ और दो कुर्सियाँ रखी हैं। वापट खुश होकर चहलकदमी करता है। मेज़ पर फाइल रखी है।)बापट- मिल गया चोर। दूसरे किसी को क्यों नहीं मिला? बापट सभी कैसे ह...

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आशिकी.....अब तुम ही हो। - 12 By vaishnavi Shukla

अध्याय: 12दृश्य: सनाया का घर,आशुतोष तेज कदमों से सीढ़ियां चढ़ते हुए सनाया के कमरे के सामने पहुंचता है। कमरे का दरवाजा अंदर से बंद था ।आशुतोष:(कमरे के दरवाजे के सामने खड़े होकर) सना...

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​अरेंज मैरिज का संदूक By sukhvinder Singh Rai

**एपिसोड: बदलते रंग**कहा जाता है कि प्रेम विवाह (लव मैरिज) में इंसान जो रोता है, वह शादी से पहले रो लेता है। लेकिन अरेंज मैरिज एक ऐसा बंद संदूक है, जिसे खोलने के बाद अगर किस्मत दगा...

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दो पतियों की लाडली पत्नी - 32 By Sonam Brijwasi

Shreya अब भी Karan से थोड़ा-सा सिहर कर दूर बैठी थी।Karan ने उसे देखा…उसकी आँखों में वही डर था—जो वो कभी नहीं देखना चाहता था।ये डर उसे कहीं भीतर तक तोड़ देता है।KARAN (मन में, टूटता...

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વર્કિંગ વુમન By Aloka Patel

શું આટલું જ બોલવું સફિસેન્ટ છે.કે પછી એને કામચોર, આળસુ, બેજવાબદાર એ પણ બોલી શકાય????આ સમાજ માં નોકરી કરવી એ એક શોખ થઈ ગયો છે... લોકો કે છે એતો એને કામ ના કરવું પડે એટલે નોકરી કરે છ...

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50 दिन का सन्नाटा - एपिसोड 17 By Priya Chaudhary

(अस्पताल के उस वीआईपी वार्ड में सन्नाटा इतना गहरा है कि केवल केबिन की घड़ी की टिक-टिक सुनाई दे रही है। बाहर बारिश फिर से शुरू हो चुकी है, जो खिड़की पर जोर-जोर से थपथपा रही है। आर्य...

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MTNL की घंटी - 21 By kalpita

महक के दिमाग़ मे देव जी का NGO घूम रहा था  क्योकि उसने देव का एक काल्पनिक चित्र अंकित किया था अपने मन मेसोचा था —"अगर देव जी देहरादून में हैं... तो जरूर टूटे-बिखरे होंगे। शायद एकदम...

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अनकहा जुनूँ - 7 By Priya Chaudhary

(घड़ी की सुई की टिक-टिक, धीरे-धीरे मद्धम होती हुई। कमरा पूरी तरह शांत, लेकिन एक अजीब सी भारीपन महसूस हो रहा है)नरेटर: खिलौना टूट चुका था, लेकिन घर के हर कोने में अभी भी निकी की मौजू...

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બેઇન્તેહા : નફરત અને પ્રેમ - 20 By Firdous kaSak

            વિક્રમએ રોયને પૂછ્યું અથર્વ વિશે કે તેણે અથર્વને કોઈ છોકરી સાથે જોયો છે પણ રોયએ ના કહી.        વિક્રમ આગળ બોલ્યો, પણ મેં આજ તેને એક છોકરી સાથે જોયો...મસ્ત હસી મજાક સાથે...

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અસવાર - ભાગ 7 By Shakti Pandya

ભાગ ૭: પવન સાથે બાથસમય: ઓગસ્ટ, ૨૦૦૦ (વહેલી સવારના ૪ વાગ્યા)સ્થળ: સાણથલી ગામનું સુકાયેલું નદીનું કોતરહજી ગામમાં કૂકડા બોલ્યા નહોતા, આકાશમાં તારા ટમટમતા હતા, ત્યારે દેવાયતની ડેલીનો દ...

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पवित्र प्रेम या अभिशाप ? - 10 By Sonam Brijwasi

बारिश अब भी हो रही थी…गंगा किनारे टूटी सीढ़ियों पर खड़ा कृष्णा भारी साँसें ले रहा था। उसकी मुट्ठी में अब भी लाल साड़ी का वो फटा हुआ टुकड़ा था…और तभी उसने उसे देखा।एक सफेद अनारकली व...

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रोशनी जिंदगी की कैसी कशमकश - 2 By RAAHULL SHARMA

फिर वह पागलों की तरह कमला की ओर मुड़ा। उसने अपनी माँ का पल्लू खींचते हुए कहा, "माँ, मुझे भूख लगी है... आपने कहा था शहर से लौटकर रोटी खिलाओगी। माँ, चुप क्यों हो? कुछ बोलो ना माँ!" जब...

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अपने जैसी परछाइयों को सामने देखकर…दोनों के पैरों तले ज़मीन खिसक गई…वो दोनों परछाइयां…धीरे-धीरे हंसना बंद कर चुकी थीं…अब वो सिर्फ…उन्हें घूर रही थीं…बिल्कुल वैसी ही आंखों से… जैसी उ...

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मौत से भागती दुल्हन - 12 By Sonam Brijwasi

मैदान में चारों तरफ अफरा-तफरी मची हुई थी…धूल, चीखें और गोलियों की गूंज के बीच लड़ाई अपने चरम पर थी।━━━━━━━━━━━━━━━और तभी—धाँय!!!एक तेज़ गोली की आवाज़ आई। पूरा माहौल एक सेकंड के लिए...

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धर्म की परिभाषा वेदांत 2.0 By Vedanta Life Agyat Agyani

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ಮಂಗಳೂರಿನ ಕ್ಲಾಕ್ ಟವರ್ ಜಂಕ್ಷನ್ ಎಂದರೆ ಅದು ವಾಹನಗಳ ಸಾಗರ. ಸುಡುವ ಬಿಸಿಲಿಗೆ ರಸ್ತೆಯೇ ಕರಗಿ ಹೋಗುವ ಹದದಲ್ಲಿತ್ತು. ಕರ್ಕಶ ಹಾರ್ನ್ ಶಬ್ದಗಳ ನಡುವೆ ಟ್ರಾಫಿಕ್ ಪೊಲೀಸ್ ವಿಕ್ರಮ್ ಸಿಂಹ ತನ್ನ HF Deluxe ನಿಲ್ಲಿಸಿ, ಹ...

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ಮಂಗಳೂರಿನ ಆ ಸುಡುವ ಏಪ್ರಿಲ್ ತಿಂಗಳ ಮಧ್ಯಾಹ್ನ. ರಸ್ತೆಗಳು ಬಿಸಿಯಿಂದ ಕಾದ ಹೆಂಚಿನಂತಾಗಿದ್ದವು. ಶರತ್ ತನ್ನ HF Deluxe ಬೈಕ್ ಮೇಲೆ ಕುಳಿತು ಕುತ್ತಿಗೆಗೆ ಸುತ್ತಿಕೊಂಡಿದ್ದ ಟವೆಲ್‌ನಿಂದ ಬೆವರಿನ ಹನಿಗಳನ್ನು ಒರೆಸಿಕೊಳ...

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फुटपाथिया - 2 By Dr. Suryapal Singh

अंक दो (थाने के अन्दर का मैदान। एक मेज़ और दो कुर्सियाँ रखी हैं। वापट खुश होकर चहलकदमी करता है। मेज़ पर फाइल रखी है।)बापट- मिल गया चोर। दूसरे किसी को क्यों नहीं मिला? बापट सभी कैसे ह...

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​अरेंज मैरिज का संदूक By sukhvinder Singh Rai

**एपिसोड: बदलते रंग**कहा जाता है कि प्रेम विवाह (लव मैरिज) में इंसान जो रोता है, वह शादी से पहले रो लेता है। लेकिन अरेंज मैरिज एक ऐसा बंद संदूक है, जिसे खोलने के बाद अगर किस्मत दगा...

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