The Download Link has been successfully sent to your Mobile Number. Please Download the App.
You are welcome to the world of inspiring, thrilling and motivating stories written in your own language by the young and aspiring authors on Matrubharti. You will get a life time experience of falling in love with stories.
खौफनाक समझौतामल्हार के पैरों तले जमीन खिसक गई जब उसने देखा कि वह साया आइने की का...
नाटक का नाम: “पढ़ही त बढ़ही – बिटिया के सपना” ️ विषय: नारी शिक्षा, जागरूकता, स...
शहद की गुड़िया - प्रकरण 31 " महाबलेश्वर से दादू और बड़ी मा...
కొన్ని సంవత్సరాల తర్వాత ప్రదేశం: ఇంటి మేడ మీద మంచం. ఆకాశంలో నిండు చందమామ.సమయం: అ...
આજે હું, સૈયદ સર, જાવેદભાઈ, રસિકભાઈ અને મહેશભાઈ, અમે પાંચ જણા બંદગી માટે બહાર ગય...
हाईवे पर बस दहाड़ती हुई दौड़ रही थी। पीछे धूल का गुबार उठ रहा था। रियर-व्यू मिरर...
The Last Time She SpokeThere was a version of Valdis that used to speak.She re...
ધ રિયલ સર્વાઈવર્સ! (જન્મ વર્ષ: 1985 - 1995)એક એવી અદભૂત પેઢી જે સમયના બદલાતા છેડ...
40 ---- बड़े दिन हो गए थे आना रंजु के दिए हुए कागज़ निकाल ही नहीं पाई थी| थ...
ભારતીય ઇતિહાસનું વૈજ્ઞાનિક વિશ્લેષણ : જાણો રામાયણ-મહાભારતની ચોક્કસ તારીખો ખગોળશા...
एक ही शहर, दो दुश्मन और वो पुरानी चोट दरभंगा की तपती दुपहरी में राजवीर राठौर और भानु प्रताप ठाकुर की दोस्ती की मिसाल दी जाती थी। दोनों का रसूख ऐसा कि परिंदा भी पर न मारे। राजवीर स...
कुहासों की गलियों में से गुज़रते हुए जीवन की गठरी न जाने कितनी बार नीचे गिरी, कितनी बार खुली, कितनी बार बिखरी और समेटी गई लेकिन गठरी की गाँठ बड़ी कमज़ोर रही फिर चिंदी बनकर उड़ने से उसम...
Rain slicked streets reflected the city lights like shattered diamonds. In a sleek black limousine, Adrian Knight sat silently, fingers tapping the polished leather armrest. His mi...
बॉस… आपने जैसा कहा था, काम हो गया है… वह उसी तरह एक पैर पर दूसरा पैर रखे, उस घने अंधेरे कमरे में कुर्सी को आगे-पीछे झुलाते हुए बैठा था। छह फीट से भी लंबा उसका शरीर मानो उस अंधेरे...
एक पाऊल दिसायचं स्वप्नात अर्ध पाण्यात अर्ध रेतीच्या किनाऱ्यात गोरी गुलाबी टाच.. अन नाजूक चंदेरी पैंजण पाण्यावर लहरत असायचं... पाण्याची लहर यायची पाऊल चढायची, अन ओसरली कि, सू...
शाम का वक्त था और Priyam अपने कमरे में खड़ी थी। खिड़की से हल्की धूप आ रही थी, और कमरे में सन्नाटा था। आज कुछ अलग सा लग रहा था। दिल हल्का-हल्का धड़क रहा था, और मन में हल्की बेचैन...
पटना की गलियों में सुबह की पहली किरणें चाय की दुकानों को जगातीं। कचौड़ी-समोसे की खुशबू हवा में घुली हुई थी। इस जीवंत मोहल्ले में रिया का छोटा सा घर था – पुरानी ईंटों की दीवारें, ले...
"नहीं! ऐसा मत करो, छोड़ दो please..... जाने दो! नहीं! नहीं!" "रात्रि उठ! ऐसा कहकर मेघा (रात्रि की मां) ने रात्रि को झकझोर दिया। कितनी बार कहा है इस लड़की को की छोड़...
अभि और प्रज्ञा की लव मैरिज हुई है। उनका प्यार बहुत ही मीठा और नोक-झोंक वाला था। तीन साल के रिलेशनशिप के बाद आज उनकी शादी की पहली रात थी। प्रज्ञा मेहमानों के जाने के बाद कमरे में आत...
इन हवाओ मे इन फिजाओ मे तुझ को मेरा प्यार पुकारे.. आजा आजा तुझ को मेंरा प्यार पुक रुक ना पाऊं मैं सजती आऊं मे दिल को ज़ब दिलदार पुकारे इस गीत की पंक्तियों न...
Continue log in with
By clicking Log In, you agree to Matrubharti "Terms of Use" and "Privacy Policy"
Verification
Download App
Get a link to download app
Copyright © 2026, Matrubharti Technologies Pvt. Ltd. All Rights Reserved.
Please enable javascript on your browser