Room no. 407 by Radha rani Jha

Room no. 407 by Radha rani Jha in Hindi Novels
Part 1 दुनिया में दो तरह की डरावनी कहानियाँ होती हैं।एक, जिन्हें लोग खुद बना लेते हैं...और दूसरी, जिनके बारे में लोग इसल...
Room no. 407 by Radha rani Jha in Hindi Novels
रूम नं. 407भाग – 2 : बंद दरवाज़े के पीछेआरोही का पूरा शरीर डर से काँप रहा था।उसकी आँखें सामने लगे धूल भरे नंबर पर टिक गई...
Room no. 407 by Radha rani Jha in Hindi Novels
भाग – 3 : "मुझे उसी कमरे में रहना है"सुबह के आठ बजे थे।पूरे हॉस्टल में सिर्फ़ एक ही बात हो रही थी—"नई लड़की के हाथ पर 40...