मेरी जिंदगी है तू by swarda in Hindi Novels
जैसे ही शंख की आवाज़ गूँजी, पूरा सूरजगढ़ जाग उठा। गौरी घाट के किनारे बसी उस छोटी-सी बस्ती में हर सुबह यही होता था — पुजा...