Mafia ki Diwangi - 2 - 12 in Hindi Love Stories by InkImagination books and stories PDF | माफिया की दीवानगी - सीजन 2 - 12

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माफिया की दीवानगी - सीजन 2 - 12

**माफिया की दीवानगी - सीजन 2**

**(ऑथर नोट: हेलो मेरे प्यारे रीडर्स! 😍😍 वो अनजान आवाज ने सबको चौंका दिया न? अब पार्ट 12 में वो राज खुलने वाला है जो Rehaan की जिंदगी को हमेशा के लिए बदल देगा। दिल थामकर पढ़ना। कमेंट में जरूर बताना—क्या लग रहा है, ये नया दुश्मन कौन है? लाइक, शेयर और फॉलो जरूर करें। हैप्पी रीडिंग! 📖❤️)**

**भाग 12: मां का छुपा हुआ सच**

सुबह की पहली किरण अभी-अभी पहाड़ों पर पड़ी थी।  
घर में सन्नाटा था।  
Aira बिस्तर पर लेटी थी, लेकिन उसकी आंखें खुलीं थीं।  
Rehaan रात भर नहीं सोया था। वो बालकनी में खड़ा था, फोन हाथ में लिए, उस अनजान कॉल की आवाज बार-बार उसके दिमाग में गूंज रही थी।  

"तुम्हारी मां का पुराना दोस्त..."  

Rehaan ने कभी अपनी मां के बारे में ज्यादा नहीं सोचा था।  
मां की मौत तब हुई थी जब वो छोटा था।  
पिता ने बताया था कि वो बीमारी से मरीं।  
लेकिन अब... ये आवाज... ये राज...  

Aira उठकर उसके पास आई।  
उसने Rehaan की कमर से हाथ डाला।  
"तुम सोए नहीं?"  

Rehaan ने उसे अपनी तरफ खींचा।  
"नींद नहीं आ रही।"  

Aira ने उसकी आंखों में देखा।  
"क्या हुआ? रात का वो कॉल?"  

Rehaan ने गहरी सांस ली।  
"उसने कहा... वो मेरी मां का पुराना दोस्त है।  
और... वो हमारे बच्चे का असली खतरा है।"  

Aira का चेहरा सफेद पड़ गया।  
"तुम्हारी मां...? लेकिन तुमने कभी नहीं बताया कि उनकी मौत कैसे हुई।"  

Rehaan ने सिर झुकाया।  
"मां की मौत... मैंने कभी ज्यादा नहीं पूछा।  
पिता ने कहा था—बीमारी।  
लेकिन अब लग रहा है... सब कुछ छुपा हुआ है।"  

Aira ने उसका हाथ थामा।  
"तो हमें जानना होगा। सच क्या है।"  

Rehaan ने फोन उठाया।  
"मैं एक पुराने नंबर पर कॉल कर रहा हूं।  
मेरी मां का पुराना दोस्त... डॉक्टर रमेश शर्मा।  
शायद वो कुछ जानते हों।"  

फोन मिला।  
दूसरी तरफ से बूढ़ी, कांपती आवाज आई।  
"रमेश बोल रहा हूं। कौन?"  

Rehaan ने कहा,  
"मैं Rehaan Malik हूं। Veer Malik का बेटा।"  

दूसरी तरफ से सन्नाटा छा गया।  
फिर धीमी आवाज आई।  
"Rehaan... तू... तू जिंदा है?"  

Rehaan का दिल धड़क उठा।  
"क्या मतलब?"  

डॉक्टर रमेश ने कहा,  
"तेरी मां... सरिता... उसने तुझे बचाने के लिए सब कुछ किया था।  
उसने कहा था कि अगर कभी तुझे खतरा हो... तो मुझे ढूंढना।  
लेकिन मैंने सोचा था... तू भी मर गया।"  

Rehaan की सांस रुक गई।  
"मां... मां जिंदा हैं?"  

डॉक्टर ने धीरे से कहा,  
"नहीं... वो नहीं रहीं।  
लेकिन... वो मौत नहीं मरी।  
उसे मार दिया गया।  
तेरे पिता ने नहीं बताया... क्योंकि वो खुद डर गए थे।  
सरिता को एक पुरानी दुश्मन ने मारा था...  
जिसका नाम है... रघुवीर सिंह।  
वो तेरा असली दुश्मन है।  
और वो अब... तेरे बच्चे को ढूंढ रहा है।"  

Rehaan का फोन हाथ से गिरते-गिरते बचा।  
Aira ने उसे पकड़ा।  
"Rehaan... क्या हुआ?"  

Rehaan ने फोन स्पीकर पर किया।  
"डॉक्टर... रघुवीर सिंह कौन है?"  

डॉक्टर ने कहा,  
"वो तेरी मां का पहला प्यार था।  
जब सरिता ने तेरे पिता से शादी की... रघुवीर ने बदला लेने की कसम खाई।  
उसने सरिता को मारा... और अब वो तुझे और तेरे बच्चे को।  
वो कहता है... 'जो मेरा था... वो आज भी मेरा है।'"  

Rehaan की आंखें लाल हो गईं।  
"तो ये सब... मां की वजह से?"  

डॉक्टर ने कहा,  
"हां। रघुवीर अब बूढ़ा हो चुका है... लेकिन उसका बेटा... विक्रम... नहीं, उसका पोता...  
वो अब खेल रहा है।  
और वो... बहुत करीब है।"  

फोन कट गया।  

Aira ने Rehaan को गले लगाया।  
"Rehaan... अब क्या?"  

Rehaan ने उसे कसकर पकड़ा।  
"अब... हम लड़ेंगे।  
लेकिन इस बार... सिर्फ बचाव नहीं।  
इस बार... मैं उस रघुवीर सिंह को ढूंढकर खत्म करूंगा।"  

Aira ने उसके चेहरे को अपने हाथों में लिया।  
"हम साथ में।  
हमारा बच्चा... वो हमारी ताकत है।"  

Rehaan ने उसके पेट पर हाथ रखा।  
"हां... हम तीनों।  
कोई नहीं छीन सकता।"  

उसने Aira को बिस्तर पर लिटाया।  
धीरे से उसके होंठों पर चुंबन दिया।  
"तुम मेरी जान हो।  
चाहे कितने भी पुराने दुश्मन आएं... मैं तुम्हें और हमारे बच्चे को कभी नहीं छोडूंगा।"  

Aira ने उसे और करीब खींचा।  
"और मैं तुम्हें।  
हमारी कहानी... अभी खत्म नहीं हुई।"  

दोनों एक-दूसरे में खो गए।  
उस चुंबन में सारा दर्द, सारा प्यार, सारी उम्मीद थी।  

लेकिन बाहर...  
जंगल के किनारे एक बूढ़ा आदमी खड़ा था।  
उसके हाथ में पुरानी तस्वीर थी—Rehaan की मां की।  
उसने धीरे से कहा,  
"सरिता... तेरा बेटा अब मेरा है।  
और उसका बच्चा... वो भी मेरा होगा।"  

उसके पीछे एक युवक खड़ा था—उसका पोता।  
"दादाजी... अब क्या?"  

बूढ़े ने मुस्कुराकर कहा,  
"अब... असली खेल शुरू होगा।"  





आगे क्या होगा?  
रघुवीर सिंह कौन है?  
क्या वो सच में Rehaan की मां से जुड़ा है?  
या ये एक और जाल है?  
और बच्चे का जन्म... अब कितने दिन बाकी हैं?  

अगला पार्ट... इतना बड़ा ट्विस्ट लाएगा कि आप स्क्रीन से नजरें नहीं हटा पाओगे।  

Thankyou 🥰🥰

(फ्रेंड्स, ये पार्ट कैसा लगा? दिल धड़क रहा है न? कमेंट में बताओ—क्या लगता है, रघुवीर सिंह का सच क्या है? अगला पार्ट बहुत जल्दी आएगा। लाइक, शेयर और फॉलो जरूर करें! ❤️)