हेलो दोस्तों यह कहानी कुछ ऐसी है जो नफरत को मोहब्बत में तब्दील करेगी तो चलते हैं हमारी कहानी पर
मुंबई , ।
एक बड़े ही आलीशान बंगले में एक गाड़ी आकर रूकती है उसमेंसे एक लड़का बाहर आता है वह वहां पर खड़े गार्ड को चाबी देता है और बंगले के अंदर चला जाताहै उसे लड़केने ।।।।।।।
( ब्लैक शर्ट , नेवी ब्लू जींस , ब्लैक शूज , पहन रखे थे उसके लड़के की मस्कुलर बॉडी जो पता लगाया जा सकता है कि घंटो तक जिम जाकर बनाई है उसके जेल से सेट किए हुए बाल , आंखों पर गॉगल्स, चेहरे पर पढ़ते डिंपल, उसके एक हाथ में वॉच कुल मिलाकर बंदा बहुत ही हैंडसम लग रहाथा )
लड़का बंगले के अंदर जाते ही ऊपर अपने कलर कमरे की तरफ चलपड़ता है तभी उसके कानों मेंकिसी औरत की आवाज आतीहै
आदि बेटा कहां जारहे हो ? .... ।नाश्ता तो कर लो जी हां यह कोई और नहीं बल्कि आदित्य कपूर है आदित्य उस औरत से कहता है मॉम मुझे नासता नहीं करना इतना कहकर वह ऊपर कमरे की तरफ चला जाता है ..... ।।।।
( काजल आदित्य कि मॉम उनकी एज 54 है स्वभावसे मीठी है घर में सबका घर मेंबहुत अच्छे ख्याल रखती है )
पता नहीं यहलड़का कब सुधरेगा किसी कीमानता ही नहीं है तभी पीछे से कोई उनके कंधे पर हाथ रखता है काजल जब पीछे मुड़कर देखती है तो एक लंबा चौडाआदमी खड़ा था वह उस आदमी से कहती है अब आप ही कुछ अपने लाडले को समझा ये अरे किसी कुछ सुनता ही नहीं है बस जब देखो तब अपनी मन मानी करता रहता है आप ना तभी वह जो आदमी था वह कहता है अरे बस करो काजल बस करो काजलबस करो एक ही सांस में कितना बोलोगी ..... ।
काजल - अरे तो और क्या करूं एक तुम हो जो मुझे परेशान करते रहते हो और एक वह नवाबजादे जो उसकी कॉलेज से कंप्लेंट आना कमही नहीं होती है रोज कोई ना कोई लड़ाई करता है किसीसे ठीक से बातभी नहीं करता बस हर वक्त किसी ना किसी पर गुस्सा करता रहता है .... ।।
वह जो आदमी था ( मनीष आदित्य के डैड उनकी एज 60 है वही कपूर कंपनी के CEO बहै बिजनेस सभालते हैं इनके बाद आदित्य को वह बिजनेस संभालना है .. ।।।
मनीष - अरे तुम्हें तो पता है ना की वह कैसा है खैर चलो छोड़ो यह बताओ कि सोनम कहां पर है
तभी पीछे से एक लड़की की आवाज आती है किसीने मुझे यादकिया ..... ।।।।।।
कपूर मेंशन मुंबई।
एक बड़े ही आलीशान बंगले में एक गाड़ी आकर रूकती है। उसमें से एक लड़का बाहर आता है। वो वहां पर खड़े गार्ड को चाबी देता है और बंगले के अंदर चला जाता है उसे लड़के ने ब्लैक शर्ट, नेवी ब्लू जींस, ब्लैक शूज पहन रखे थे।
उसके लड़के की मस्कुलर बॉडी जो पता लगाया जा सकता है कि घंटो तक जिम जाकर बनाई है उसके जेल से सेट किए हुए बाल, पतले गुलाबी हॉठ, आंखों पर गॉगल्स, चेहरे पर पढ़ते डिंपल, उसके एक हाथ में वॉच कुल मिलाकर बंदा बहुत ही हैंडसम लग रहा था। लड़का बंगले के अंदर जाते ही ऊपर अपने कलर कमरे की तरफ चलपड़ता है तभी उसके कानों मेंकिसी औरत की आवाज आती है।
"आदि, बेटा कहां जा रहे हो? नाश्ता तो कर लो" जी हां यह कोई और नहीं बल्कि आदित्य कपूर है। आदित्य उस औरत से कहता है मॉम मुझे नासता नहीं करना इतना कहकर वह ऊपर कमरे की तरफ चला जाता है। काजल आदित्य कि मॉम उनकी एज 54 है। स्वभाव से मीठी है घर में सबका घर मेंबहुत अच्छे ख्याल रखती हैं।
पता नहीं यहलड़का कब सुधरेगा किसी कीमानता ही नहीं है तभी पीछे से कोई उनके कंधे पर हाथ रखता है काजल जब पीछे मुड़कर देखती है तो एक लंबा चौडाआदमी खड़ा था वह उस आदमी से कहती है अब आप ही कुछ अपने लाडले को समझा ये अरे किसी कुछ सुनता ही नहीं है बस जब देखो तब अपनी मन मानी करता रहता है। आप ना तभी वह जो आदमी था वह कहता है अरे बस करो काजल बस करो काजलबस करो एक ही सांस में कितना बोलोगी।
काजल, "अरे तो और क्या करूं एक तुम हो जो मुझे परेशान करते रहते हो और एक वह नवाबजादे जो उसकी कॉलेज से कंप्लेंट आना कमही नहीं होती है। रोज कोई ना कोई लड़ाई करता है किसी से ठीक से बात भी नहीं करता। बस हर वक्त किसी ना किसी पर गुस्सा करता रहता है।"
वह जो आदमी था मनीष आदित्य के डैड उनकी एज 60 है। वहीं कपूर कंपनी के CEO बहै बिजनेस सभालते हैं इनके बाद आदित्य को वह बिजनेस संभालना है।
मनीष - "अरे तुम्हें तो पता है ना की वह कैसा है खैर चलो छोड़ो यह बताओ कि सोनम कहां पर है?" तभी पीछे से एक लड़की की आवाज आती है किसीने मुझे याद किया। काजल और मनीष जब पीछे मुड़कर देखते हैं तो एक लड़की उनके पास आरही थी उस लड़की ने ।
व्हाइट टॉप और ब्लू जींस पहनी थी उसके खुले हुए उसकी काली गहरी आंखें परफेक्ट फिगर चेहरे पर हल्का सा मेकअप गुलाबी पतले होंठ।
वह लड़की सीधा जाकर काजल और मनीषको अपने गले लगा लेतीहै और कहती है आई एम सॉरी मॉम-डैड वह मैं थोड़ी सी लेट हो गई वह सनाया आने ही नहीं देरही थी तो फिर मैं भी क्या करती थी। सनाया सोनम की बेस्ट फ्रेंड।
काजल - "अरे कोई बात नहीं पहले तू फ्रेशहो जा तेरे लिए नाश्ता लगाती हूं।" सोनम - "हां मॉम जल्दी से खाना दो बहुत भूख लगी है।"
मनीष। - तो कैसे गई बर्थडे पार्टी तेरी फ्रेंड की ? सोनम - अच्छी थी डैड। काजल - जा तू जा कर फ्रेश हो जा
गोरे गांव रघुवंशी हाउस एक लड़की बड़े ही आराम से एक बेड पर सो रहीथी तभी कमरे का दरवाजाखुलता है एक औरत कमरे में आती है और लड़की को देखकर कहती है।
यह देखो इसे अभी तक सो रही है यह लड़की इतना कहकर वह औरत उस लड़की को उठाती हैं सिया सिया । जी हां यह कोई और नहीं बल्कि हमारे कहानी की हीरोइन है सिया रघुवंशी इनका सपना एक लॉयरबनने का है।
वह औरत जब देखी है कि सिया अभी तक सो रही है तब वह खिड़की के परदे हटा देतीहै उसे लड़की के चेहरे पर जैसे ही सूरज की किरण पड़ती है तो वह लड़की अपने ऊपर ब्लैंकेट ओढ़ लेती है।
वह जो औरत थी वह कहतीहै उठ जा सिया कितना सोएगी कहती हो ना की रात को जल्दीसे सो जाया कर लेकिन नहीं तुम्हें पढ़ाई से फुर्सत मिल तब ना।
सिया - अरे मम्मी सोने दोना। श्वेता सिया कि मॉम उनकी एज 57 है यह एकहाउ सवाइफ है श्वेता स्वभाव से बहुत ही अच्छी है।
श्वेता - तू भूल रही है तुझे निकालना है तुझे मुंबई जाना है अपने सपने पूरेकरने और तू यहां पर बैड सपने देख रही हैं यह सुनते ही सिया जल्दी सेबेड से उठ जाती है।
सिया - ओह नो मैं तो भूल हीगई थी मॉम फ्लाइट कितने बजे की है श्वेता - 2:00 की तू जल्दी सेफ्रेश हो जा मैं तेरे लिए नाश्तालगाती हूं। सिया - आप जल्दी से नाश्ता लगा दीजिए मैं फ्रेशहो जाती हूं इतना कहकर वह भागते हुए वॉशरूम की तरफ चली जाती है।
श्वेता - यह लड़की बि ना इतना कहकर वह भी मुस्कुराते हुए किचन की तरफचली जाती वह जब नीचेजाती है तो एक आदमी श्वेता को आवाजलगता है श्वेता।
सिया उठ गई क्या किसी आदमीने कहा श्वेता - जी हां वह फ्रेश होनेके लिए गई वह भी तैयार होकरनीचे आती ही होगी इतना कहकर वह किचन की तरफचली जाती है।
वह जो आदमी था वह कोई और नहीं बल्कि सिया के पापा है। राकेश उनकी एज 59 है यह जॉब करतेहैं अपने परिवार से बहुत प्यारकरते हैं और सबसे ज्यादा अपनी बेटी से तब तक सिया भी रेडी होकर नीचे आ जाती है वाकड़ अपने पापा के गलेलग जाती है गुड मॉर्निंग पापा राकेश - गुड मॉर्निंग बेटा तो सब जानकी तैयारी हो गई सब कुछ पैक है ना?
सिया - हां पापा सबकुछ रेडी है । वैसे अर्जुन भाई कहीं दिखाई नहींदे रही है कहां पर है वह पापा राकेश - अरे बेटा वह अपने दोस्त के वहां पर गया है वह भी बस आता ही होगा।
तब तक श्वेताजी नाश्ता लेकर आ जाती है और सिया सेकहती है आज चल बेटा नाश्ता करेले सियाडाइनिंग टेबल बैठकर नाश्ता करने लगती हैं। वहीं मुंबई में, आदित्य के कमरे में।
आदित्य अभी-अभी फ्रेश होकर सोफे पर बैठकर अपना मोबाइल चला रहा था अभी उसके कमरेका दरवाजा नोक होता है आदित्य जब उसे तरफ देखता है तोउसकी बहन सोनम खड़ीथी आदित्य सोनम को देखकरकहता है छोटी तुझे नौक करके आने कीक्या जरूरत है।
सोनम मुस्कुराते हुए अपने भाई के पास आती है । और कहती है भाई जब आप मेरे कमरे में नौकर के आते हैं तो फिर मैं क्यों नहीं आ सकती वैसे आप मुझे यह बताएं आप मेरे लिए भाभी कब ढूंढकर ला आओगे मेरे सारे दोस्त की भाभी है लेकिन मेरी ही नहीं है बोलो ना भैया