Namumkin Ishq in Hindi Love Stories by kajal jha books and stories PDF | नामुमकिन इश्क - एपिसोड 32

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नामुमकिन इश्क - एपिसोड 32

एपिसोड 32– वीडियो में छुपा राज़

कमरे में चल रही वीडियो ने जैसे सबकी आवाज़ छीन ली थी।

स्क्रीन पर आदित्य बैठा हुआ था और उसके सामने रोहन मेहरा।

दोनों के बीच कोई गंभीर बातचीत चल रही थी, लेकिन वीडियो की आवाज़ बहुत धीमी थी।

इंस्पेक्टर ने तुरंत आवाज़ बढ़ाई।

कुछ सेकंड तक सिर्फ़ कमरे की हल्की आवाज़ सुनाई दी।

फिर आदित्य की आवाज़ साफ़ सुनाई दी—

"रोहन, मैं तुम्हारे लिए ये काम दोबारा नहीं कर सकता।"

रोहन ने वीडियो में गुस्से से कहा,

"तुम्हें जितने पैसे चाहिए, मैं दूँगा। लेकिन काम पूरा होना चाहिए।"

अर्जुन की आँखें स्क्रीन पर टिक गईं।

इंस्पेक्टर ने वीडियो रोक दिया।

उन्होंने रोहन की तरफ देखा।

"अब बताइए... आप आदित्य को नहीं जानते?"

रोहन के चेहरे पर पहली बार घबराहट साफ दिखाई दी।

"मैं... उसे जानता हूँ। लेकिन इसका मतलब ये नहीं कि मैं किसी चोरी में शामिल हूँ।"

अर्जुन ने तीखे स्वर में कहा,

"तो फिर वीडियो में किस काम की बात हो रही थी?"

रोहन चुप रहा।

इंस्पेक्टर ने दोबारा वीडियो चलाया।

आदित्य कह रहा था,

"अगर किसी को पता चल गया कि मैंने वो फाइल बदल दी है, तो मेरी नौकरी चली जाएगी।"

रोहन ने जवाब दिया,

"किसी को पता नहीं चलेगा। बस एक महीने तक चुप रहो।"

वीडियो वहीं खत्म हो गया।

कमरे में फिर सन्नाटा छा गया।

डॉ. कबीर ने हैरानी से कहा,

"कौन-सी फाइल?"

रोहन के पास कोई जवाब नहीं था।

अर्जुन का शक और गहरा हुआ

अर्जुन धीरे-धीरे रोहन के पास गया।

"अब बोल।"

रोहन ने उसकी तरफ देखा।

"क्या बोलूँ?"

"वीडियो में जिस फाइल की बात हो रही थी, वो कौन-सी थी?"

रोहन ने नज़रें फेर लीं।

"मुझे नहीं पता।"

अर्जुन का गुस्सा बढ़ गया।

"रोहन!"

इंस्पेक्टर ने बीच में आकर कहा,

"अर्जुन, शांत रहो। पुलिस अपना काम करेगी।"

अर्जुन पीछे हट गया।

लेकिन उसकी नजर अब भी रोहन पर थी।

उसे यकीन हो चुका था कि इस पूरे मामले के पीछे कोई बड़ी वजह है।

आयत की चिंता

बाहर आयत, रीवा के साथ खड़ी सब सुनने की कोशिश कर रही थी।

रीवा ने धीरे से पूछा,

"तुम्हें क्या लगता है, रोहन सच में कुछ कर रहा है?"

आयत ने धीमे स्वर में कहा,

"मुझे नहीं पता।"

फिर उसने अर्जुन की तरफ देखा।

"लेकिन अर्जुन को देखकर लग रहा है कि वो कुछ समझ चुका है।"

रीवा मुस्कुराई।

"तुम्हें अर्जुन के चेहरे से भी सब समझ आने लगा है?"

आयत ने उसे देखा।

"रीवा..."

"अच्छा ठीक है, चुप।"

दोनों हल्का-सा मुस्कुरा दीं।

लेकिन आयत के मन में एक डर था।

कहीं इस सबके पीछे कोई ऐसी बात तो नहीं, जिसका संबंध उससे हो?

रोहन का सच

रात को रोहन अकेला अस्पताल की पार्किंग में खड़ा था।

उसने अपना फोन निकाला और एक नंबर मिलाया।

"मुझे तुमसे बात करनी है।"

दूसरी तरफ़ से आवाज़ आई,

"अब क्या हुआ?"

रोहन ने गुस्से में कहा,

"तुमने कहा था कि सब संभाल लोगे!"

"मैंने संभाल लिया था।"

"तो फिर वीडियो अर्जुन तक कैसे पहुँचा?"

दूसरी तरफ़ कुछ पल खामोशी रही।

फिर आवाज़ आई,

"क्योंकि किसी ने हमें धोखा दिया है।"

रोहन चौंका।

"कौन?"

"अभी नहीं पता।"

"मुझे सच जानना है।"

"सच जानोगे तो शायद तुम्हें पसंद नहीं आएगा।"

रोहन ने दाँत भींचते हुए कहा,

"मुझे परवाह नहीं।"

कॉल कट गया।

रोहन कुछ देर वहीं खड़ा रहा।

उसके चेहरे पर पहली बार डर दिखाई दे रहा था।

अर्जुन को मिला सुराग

अगली सुबह अर्जुन जल्दी हॉस्पिटल पहुँचा।

गौरव पहले से उसका इंतज़ार कर रहा था।

"भाई, मैंने रात को CCTV की दूसरी फुटेज देखी।"

"कुछ मिला?"

"हाँ।"

गौरव ने मोबाइल पर वीडियो दिखाया।

"देख।"

वीडियो में रात करीब दो बजे एक व्यक्ति स्टोर रूम की तरफ़ जाता दिखाई दे रहा था।

उसने चेहरा ढका हुआ था।

लेकिन चलते समय उसका पैर थोड़ा लंगड़ा रहा था।

अर्जुन ने वीडियो रोक दिया।

"इसे बड़ा कर।"

गौरव ने स्क्रीन ज़ूम की।

व्यक्ति के हाथ में एक छोटा-सा टैटू दिखाई दिया।

अर्जुन ने गौर से देखा।

उसके चेहरे पर अचानक गंभीरता आ गई।

"ये टैटू मैंने पहले देखा है।"

गौरव ने पूछा,

"कहाँ?"

अर्जुन कुछ याद करने लगा।

"कल रात... आदित्य के कमरे के बाहर।"

दोनों एक-दूसरे को देखने लगे।

आयत और अर्जुन

दोपहर में आयत अस्पताल की लाइब्रेरी में बैठी नोट्स बना रही थी।

अर्जुन वहाँ पहुँचा।

"इतनी पढ़ाई?"

आयत ने सिर उठाया।

"कल का केस समझ नहीं आया था।"

अर्जुन उसके सामने बैठ गया।

"दिखाओ।"

आयत ने नोटबुक आगे कर दी।

अर्जुन उसे समझाने लगा।

कुछ देर बाद आयत मुस्कुराई।

"आप बहुत अच्छे टीचर हैं।"

"और तुम बहुत खराब स्टूडेंट।"

आयत ने तुरंत कहा,

"क्या?"

अर्जुन हँस पड़ा।

"मजाक कर रहा हूँ।"

आयत भी हँसने लगी।

कुछ पल के लिए दोनों उस सारे तनाव को भूल गए।

फिर आयत अचानक गंभीर हो गई।

"अर्जुन..."

"हूँ?"

"अगर इस सबके पीछे रोहन है तो?"

अर्जुन ने कहा,

"मैं बिना सबूत के कुछ नहीं कहूँगा।"

"और अगर वो सच में दोषी हुआ?"

अर्जुन ने उसकी तरफ देखते हुए कहा,

"तो उसे जवाब देना पड़ेगा।"

आयत कुछ पल उसे देखती रही।

"आप हर बार मेरे लिए इतना परेशान क्यों हो जाते हैं?"

अर्जुन की आँखें उसकी आँखों से मिलीं।

इस बार उसने जवाब देने में देर नहीं की।

"क्योंकि तुम्हें परेशान देखना मुझे अच्छा नहीं लगता।"

आयत का दिल तेजी से धड़कने लगा।

वह कुछ बोल पाती, उससे पहले बाहर से रीवा की आवाज़ आई—

"आयत! जल्दी आओ!"

आयत उठी।

जाते-जाते उसने एक बार अर्जुन की तरफ देखा।

दोनों के बीच एक हल्की मुस्कान का आदान-प्रदान हुआ।

लेकिन उसी समय...

हॉस्पिटल के पुराने रिकॉर्ड रूम में किसी ने एक फाइल निकाली।

फाइल पर लिखा था—

"आयत खान – मेडिकल रिकॉर्ड"

उस व्यक्ति ने फाइल खोली।

अंदर आयत की पुरानी मेडिकल रिपोर्ट थी।

वह रिपोर्ट देखते ही उसके चेहरे पर एक अजीब मुस्कान आई।

"तो आखिर तुम यहाँ तक पहुँच ही गई..."

उसने फाइल वापस रख दी।

लेकिन जाते-जाते उसने एक फोटो भी निकाल लिया।

फोटो में आयत अपने परिवार के साथ थी।

और फोटो के पीछे सिर्फ़ एक लाइन लिखी थी—

"जिसे तुम अपनी बेटी समझते हो, वो तुम्हारी सबसे बड़ी कमजोरी है।"

उधर हॉस्पिटल के दूसरे हिस्से में अर्जुन को अभी तक इस बात की भनक भी नहीं थी कि...

रोहन की साज़िश से कहीं ज्यादा बड़ा कोई राज़ आयत के अतीत से जुड़ा हुआ है।

और आने वाले दिनों में वही राज़ अर्जुन और आयत के रिश्ते को एक ऐसे मोड़ पर ले जाने वाला था, जहाँ प्यार और परिवार के बीच किसी एक को चुनना आसान नहीं होगा।

क्रमशः...