तुम मेरे दिल मे बसे हो in Hindi Women Focused by Kishanlal Sharma books and stories PDF | तुम मेरे दिल मे बसे हो

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तुम मेरे दिल मे बसे हो

रवि

मेरे प्यारे रवि
दिलोजान से प्यारे मेरे रवि।
तुम्हारा प्यार भरा पत्र मिला।तुम्हारे प्रेम से ओत पोत पत्र का उत्तर देने से पहले एक विनती करना चाहती हूँ।मैं नही चाहती मेरा पत्र किसी और के हाथ लग जाये।इसलिय मेरी तुम से विनती है,मेरा पत्र पढ़ने के बाद सहज कर मत रख लेना।इसे पढ़ने के बाद इसे फाड़ देना।
मेरी जिंदगी में आने वाले तुम पहले पुरुष थे।जिसे मैंने चाहा, प्यार किया और अपना बनाने का सपना देखा।यह सपना देखने वाली दुनिया की कोई अकेली लड़की नही थी।जवानी की दहलीज पर कदम रखते ही हर कुंवारी लड़की ऐसा सपना देखने लगती है।मैने भी तुमसे प्यार होने के बाद ऐसा ही सपना देखा था।लेकिन सपने टी बन्द आंखों का भरम होते है।सभी के सपने पूरे नही होते।
तुमने अपने खत में लिखा है,मैं तुम्हे याद करती हूँ या नही।
याद तो उसे किया जाता है,जिसे भुला दिया गया हो।जिसे भुला ही नही गया हो उसे याद करने का प्रश्न ही कंहा उठता है।वह तो हमेशा दिल मे सनाया रहता है।
मेरे बारे में तुम बिल्कुल गलत सोचते हो।मै तुम पर बिल्कुल शक नही करती।तुमको दूसरी लड़कियों के साथ हंसी मजाक करते और बाते करते हुए देखकर मुझे जरा भी बुरा नही लगता।मैं जानती हूँ,तुम्हारा व्यक्तित्व ऐसा है कि कोई भी तुम पर फिदा हो जाये।न जाने कितनी लडकिया तुम पर फिदा है ओर वे तुम्हारे करीब आने का प्रयास करती रहती है।आजकल की लड़कियों की स्वाभविक मानसिकता होती है कि वे समाज मे प्रतिष्टित और अमीर परिवार के लड़के से दोस्ती करके उसके सानिध्य में आना चाहती है।
उस दिन मेरी कालेज में अचानक तबियत खराब हो गयी थी।तबियत खराब होने पर मै हमेशा नर्वस और चिढ़ चिढ़ी हो जाती हूँ।इसीलिए मैने तुम्हे न जाने क्या क्या उल्टा सीधा बोल दिया था।प्लीज उसे दिल पर मत लेना न बुरा मानना और मुझे माफ़ कर देना।मुझे भी बहुत अफसोस है।
तुमने अपने प्रेम पत्र में अपने प्यार का इजहार करते हुए लिखा है कि तुम मुझे कहते हो,मुझसे प्यार करते हो और मुझे अपनी जीवन संगनी बनाना चाहते ही।लेकिन तुम्हारे चाहने से क्या होता है।
चाहती तो मैं भी हूँ।तुमसे प्यार करती हूँ और तुम्हे पति रूप में पाना चाहती हूँ।
मैने अपने प्यार के बारे में अपने मम्मी पापा को बताया था।मेरे मम्मी पापा मेरी बात सुनते ही बोले थे,सपने हमेशा ऐसे देखने चाहिए जो पूरे हो सके।झोपड़ी में रहनेवाला को महलों के सपने नही देखने चाहिए।मेरे पापा बिल्कुल तैयार नही थे,लेकिन मेरी जिद्द पर वह एक दिन तुम्हारे घर गए थे
मेरे पापा ने मेरी तुमसे शादी का प्रस्ताब रझा था।पर तुम्हारे पापा ने दूसरी जाति की गरीब लड़की को अपनी पुत्रवधु बनाने से साफ इंकार कर दिया था।
मुझे मालूम है तुम्हारे मम्मी पापा ने यह बात तुम्हे नही बताई होगी।मैं यह भी जानती हूँ तुम मुझे अपनी बनाने के लिए अपने घरवालों से विद्रोह भी कर सकते हो।तुम मुझसे प्रेम विवाह के लिए भी तैयार हो जाओगे।लेकिन मैं माता पिता की मर्जी के खिलाफ प्रेम विवाह करने के पक्ष में नही हूँ।
तुम्हारे घर से मना होने के बाद मेरे घर वालो ने मेरे लिए लड़का देख लिया है।लड़का मुम्बई में सर्विस करता है।वह अगले सप्ताह मुझे देखने आ रहा है। अगर उसने मुझे पसन्द कर लिया तो मेरी शादी जल्दी हो जाएगी।
मैं नही चाहती तुम मा बाप का दिल दुखाओ।उनके भी अरमान होते है।वे चाहे जहाँ शादी कर लेना।
हो सकता है इस जीवन मे हमारी फिर मुलाकात न हो।तुम मेरे पहले प्यार हो और इसे कोई औरत नही भूलती हँ।
प्यार तन से नही मन से होता है।दूसरे मर्द की पत्नी बनकर भी तुम्हे नही भुला पाऊंगी क्योकि तुम मेरे दिल मे बसे हो