Hold Me Close - 5 books and stories free download online pdf in Hindi

Hold Me Close - 5 - Cute Nokzok ️

कुछ देर बाद जब रेवा नहाकर बाहर आई तब अपने सामने खड़े अर्जुन को देखकर जोर से चिल्लाई !

"आप शर्टलेस क्यों घूम रहे हो घर में ? कपड़े नही है आपके पास ?? "रेवा ने अपनी आंखे बंद करते हुए कहा।

"मेरा घर मेरा रूम मेरी मर्जी मैं जैसा भी घूमू तुम्हे क्या ? और तुम तो रिएक्ट ऐसे कर रही हो जैसे तुम्हे मुझे ऐसे देखने का तुम्हारा मन ही नहीं है !", अर्जुन की इस बात को सुनकर रेवा को फिर से एक बार गुस्सा आ गया । उसने अपनी आंखे खोली और और अर्जुन पर चिल्लाने लगी ।

"आप समझते क्या हो खुद को ?? आपको क्या लगता है में मरी जा रही हूं आपको ऐसे देखने के लिए ?? आपको बहुत misunderstanding है खुद को लेकर !! आप थोड़े बहुत अच्छे क्या दिखते हो तो इतना घमंड ?? इतना ज्यादा हॉट भी नही दिखते आप ! और आपने सोच भी कैसे लिया की में ... में आप जैसे आदमी को देखूंगी ? मैने थोड़ी देर पहले भी कहा था की मेरी चॉइस इतनी बुरी भी नही है !! अगर आपने कल मेरी जान नही बचाई होती ना तो आपको में एक मिनिट भी बर्दाश नही करती !! कल आपने उस बेचारे आदमी की जान ली!! वो बताऊं आपके घर वालो को ?? "

अर्जुन अभी तक रेवा की हर बात सुन रहा था लेकिन जैसे ही रेवा ने उसके घर वालो को कल रात की बात बतानी की बात की अर्जुन ने रेवा की बाहों को कसकर पकड़ा ।

"तुम्हारी प्रोब्लम क्या है ? फ्री में सब कुछ मिल रहा है ना ? ये बड़ा घर ! खाने के लिए अच्छा खाना ! अच्छी लाइफ तो क्यों तुम्हे मुझे मेरे मां से दूर करना है ? मेरे लिए मां सब कुछ है ।। She is everything for me! वो हार्ट पेशेंट है ! अगर उन्हें कुछ भी पता चला ना इसके बारे मैं तो ...जैसे में तुम्हे उस आदमी से बचा सकता हूं वैसेही फिर से उसी के पास छोड़ भी सकता हूं । तुम उस आदमी को बेचारा बोल रही हो जिसने .... अगर तुम्हे सच पता नही है तो मुझ पर इल्जाम मत लगाओ । कोई जरूरत नही है मेरे बारे में सब कुछ जानने की ! कॉन्ट्रेक्ट मैरेज है हमारा ! सच मैं शादी नही हुई है ! तुम्हारा कोई हक नही बनता मुझ पर ", अर्जुन ने गुस्से से रेवा के आंखो में देखते हुए कहा । तभी अर्जुन का फोन रिंग हुआ । अर्जुन ने अपना फोन उठाया और रूम के बाहर चला गया।

"बत्तमीज आदमी !! में थोड़ी सच मैं बताने जा रही थी इनके मां पापा को ! धमकी तो दी थी बस ! बदले में इतना कुछ सुना दिया मुझे । मुझे अब इनसे बात ही नही करनी ", रेवा ने भी चिड़ते हुए कहा लेकिन तभी पीछे से एक आवाज आती है ।

"मुझे कुछ बात करनी है तुमसे "

जैसे ही रेवा पीछे पलटती है । अर्जुन की मां को देखकर चौंक जाती है ।

आप!! अंदर आइए न ! बैठिए यहां और क्या बात करनी है आपको मुझ से ? रेवा ने पूछा ।

"मेरा बेटा गुस्सा बहुत करता है ना ? ", सविता जी ने कहा ।

नही ऐसी कोई बात नही वो तो हमारी बस चोटोसी नोकझोक चल रही थी , सीरियस कुछ नही है ", रेवा ने कहा ।

"मुझे नही पता की इतनी बड़ी बात अर्जुन ने क्यों नही बताई मुझे ! लेकिन तुम बस उसे संभाल लेना ! में भी नही चाहती थी की अर्जुन की शादी प्रिया से हो लेकिन ये मानते ही नही है ! इनके लिए तो शादी सिर्फ एक बिजनेस डील है ! खैर अब तुम आ गई हो न सब ठीक हो जायेगा ! अगर कुछ चाहिए हो या कुछ भी शेयर करना हो तो मुझ से कर सकती हो ok? ",सविता जी ने रेवा के सिर से हाथ फेरते हुए कहा।

ना जाने कितनी सालों से रेवा इसी फीलिंग को मिस कर रही थी । रेवा ने सविता जी को अपने गले से लगाया ।

"I promise में आपको एक भी मौका नही दूंगी शिकायत का ", रेवा ने कहा ।

वैसे पापा कहा है ? रेवा ने पूछा ।

वो गए है बिजनेस टूर पर ! कम से कम एक महीना तो नही आएंगे ! लेकिन हा तुम ऑफिस ज्वाइन कर लो ! और नीचे आ जाना ब्रेकफास्ट रेडी है । सविता जी ने कहा और वहा से चली गई ।

रेवा भी रेडी होकर नीचे जा ही रही थी तभी उसकी सौतेली मां का उसके फोन पर मेसेज आता है। रेवा वो मेसेज पढ़ती है और एक बार फिर कल रात की बाते किसी फ्लैशबैक की तरह उसके आंखो के सामने से गुजर जाती है । रेवा बस बिना हिले डुले अपने फोन की स्क्रीन को देखे जा रही थी । जब अर्जुन अपने रूम मैं वापस आया तब रेवा को देखकर कहा–"अब स्टेचू बनकर यही खड़ी रहोगी क्या ? मां ने नीचे बुलाया है चलो ! और तुम मां की टेंशन मत लो मैंने उन्हें समझा दिया है ! अब वो हम दोनो पर भी नाराज नही है ", अर्जुन ने कहा।

लेकिन रेवा अभी भी आंखो में आसू लिए अपने फोन को देख रही थी ।
"तुम्हारे आंखो में कितना पानी है ? जब देखो तब बेहेता रहेता है !! "अर्जुन ने कहा ।

"मेसेज आया है एक !!", रेवा ने अर्जुन को अपना फोन देते हुए कहा ।
वो मेसेज पड़कर अर्जुन की हसी निकल गई।

आप हस रहे है ?? रेवा ने सवाल किया ।

"तुम्हे लगता है में इन धमकियों से डर जाऊंगा ?
मतलब तुम्हारे सौतेली मां मुझे धमकी दे रही है की मैं तुम्हे फिर से उनके पास वापस ले आऊं और अगर ऐसा नही किया तो मेरे साथ कुछ बहुत बुरा होगा ? सीरियसली??? "अर्जुन ने कहा।

"तो क्या आप मुझे फिर से उनके पास छोड़ आओगे ?", रेवा ने मासूमियत से पूछा ।

रेवा के इस सवाल पर अर्जुन ने बिना एक्सप्रेशन के साथ कहा – "हां! अगर तुम मेरे साथ जबान लड़ाओगी ! अगर मुझसे बत्तमीजी करोगी तो पक्का तुम्हे वही छोड़ आऊंगा जहा से उठाकर लाया था ! छोड़ो ये सब फालतू की बाते और नीचे चलो मां वेट कर रही है हमारा "।
.