Bhooto ka Dera - 12 in Hindi Horror Stories by Rahul Kumar books and stories PDF | भूतों का डेरा - 12

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भूतों का डेरा - 12

इल्या कुछ देर तक चुप रहा और फिर उसने अपना सिर झटक कर कहा ," में बहादुर हूं । मुझे यह शोभा नहीं देता कि चक्करदार रास्ते से जाऊं ओर शहर की सीधी सड़क सिटी बाज डाकू के कब्जे में छोड़ दूं । मै इस सीधी सड़क से ही जाऊंगा , जिस पर तीस साल से कोई नहीं गया है।"

यह कह कर इल्या कूदकर घोड़े पर सवार हो गया । उसने घोड़े को एक चाबुक लगाया और पलक मारते ही आंखों से ओझल हो गया ।

इल्या की रफ्तार इतनी जादा थी कि कोई भी उसको जाते ना देख सका |
शहर वाले सोच रहे थे कहीं इल्या को वो डाकू कुछ करना दे हाला की गांव वालों ने देखा था कि इल्या ने अकेले की उन तीन लुटेरों की फ़ौज को अकेले ही मोत के घाट उतार दिया था
लेकिन अभी भी शहर वालों को इल्या की फ़िक्र हो रही थी इल्या चेनिर्गोव शहर से थोड़ी दूर आने पर घोड़े की लगाम खींच कर रोकता है और वहां से थोड़ी दूरी पर घोड़े को घास खाने के लिए छोड कर खुद भी सोचता है कि 2 minutes आराम ही कर लेता हूं इल्या ये सब सोच ही रहा था कि उसको भी भूक लगने लगी फिर उसने खुद से कहा क्या में इतना काम जोर हो गया हूं जो भूक के मारे अपने लक्ष से भटक जाऊँ इल्या ने एक रोटी हाथ में ली और उसको रोल कर के खाते हुए एक छलांग में घोड़े पर सवार हो गया तभी उसको एक आवाज उसके कानो में गूंजने लगी हमे नहीं छुड़ओगे हमारी मदत नहीं करोगे हम भी तो तुमारी तरह ही तो है इल्या के कानों में जेसे ही ये अवाज पडी वह देखने लगा कि ये अवाज कहा से आ रही है कुछ देर देखने के बाद भी जब कोई ना दिखा तो इल्या अपने मन मे सोचने लगा कि जब यहां कोई है नहीं तो अवाज कहा से आ रही है तभी इल्या के बिल्कुल कान के पास अवाज आई क्या सोच रहे हो बहादुर इंसान क्या हमारी मदत करने से देर गए
नहीं येसा नहीं है मे इस भारत कि धरती पे जन्मे किसान का बेटा हु में किसी भी चुनौती से नहीं डरता मुझे बताओ की आप हो कहा ताकि में आपकी सहायता कर सकूं इल्या ने कहा ठीक है अगर तुम हमारी सहायता कर सकते हो तो हम तुम्हें बतायेंगे जिस तरह की मुसीबत में हम फंसे है उससे निपटना इतना आसान नहीं है जितना तुम समझ रहे हो

इस दुनिया मे जन्म लेना ही बहुत बड़ा रिस्क है उसके बाद मुझे नहीं लगता कुछ भी करना मुस्किल है
इतना कहकर इल्या ने फिर कहा मुझे जल्दी बताओ क्या परेशानी है आप सब को मुझे और भी बहुत से कामों को निपटाना है
" ठीक है उस अवाज ने जवाब दिया थोड़ी ही दूरी पर एक कब्रिस्तान है वहा पर एक कब्र के नीचे से एक रास्ता है जो कि एक गुफा में निकालता है लेकिन एक बात याद रखना उस कब्रिस्तान में जाने के बाद जब तुम कब्र को खोद रहे होगे तब बहुत सी आवाज सुनाई देंगी वो खतरनाक आत्मा होंगी जो उस जगह की रक्षा करती है अगर तुमने पिछे मूड कर देखा तो तुम्हारे शरीर में बेशक कितनी ही शक्तियां हो वहा कुछ काम नहीं आयेंगी


To be continue...