Meera - 12 books and stories free download online pdf in Hindi

मीरा - 12

NOTE--I apologize for many spelling mistakes in my previous story, because I used to submit the story without seeing...., I assure you, I will take care in future....

डॉक्टर के bolne पर आदित्य अपना सर ऊपर करता है...

आदित्य- what do you mean ??

डॉक्टर- आप पहले मेरे साथ मेरे केबिन में आइए...

डॉक्टर अपने केबिन की तरफ चले गए हैं आदित्य भी उनके पीछे-पीछे चले गए हैं.... आशीष पहले से ही केबिन में थे..

डॉक्टर के केबिन में डॉक्टर meera की फाइलें lekar अपनी कुर्सी पर बैठ जाते हैं....आदित्य unke सामने वाली कुर्सी पर बैठते हैं......

डॉक्टर (गंभीर hokar)-क्या आपको सच में नहीं लगता कि मीरा का कोई दुश्मन है....

आदित्य ने कई बार मीरा का नाम डॉक्टर के सामने बोला था तो डॉक्टर को मीरा का नाम याद था...

आदित्य (याद करते हुए)- मुझे नहीं लगता कि मीरा का कोई दुश्मन है क्योंकि वह काफी sensible लड़की है....

डॉक्टर-मीरा के साथ रेप नहीं हुआ है... उसके sath  रेप  karne की कोशिश की गई थी, उसके पूरे शरीर पर चोट के निशान थे, जिससे मुझे लगा कि उसके साथ रेप हुआ है, लेकिन रिपोर्ट आने के बाद पता चला कि उसके साथ रेप नहीं हुआ था।  Usne खुद को उन लोगों से बचाया...मैंने मीरा जैसी बहादुर लड़की कभी नहीं देखी, उन्होंने मीरा को बेहोश करने के लिए drug दिया और फिर उसे एक बहुत ही dangerous drug दिया उस ड्रग से सेक्स करने की इच्छा बहुत तीव्र हो जाती है। और उसके करीब 2 घंटे बाद मीरा के साथ rape karne ki koshish ki गई.... ..

आदित्य- मीरा उस रात पहले से ही नशे में थी....

डॉक्टर अपनी सीट पर से खड़े हो कर  मीरा की एक्स-रे तस्वीरें दिखाते  है ...

डॉक्टर- (मीरा के सर का एक्सरे दिखाया गया है)-आप देख सकते हैं मीरा के सिर पर बहुत गहरे चोट का निशान है मीरा के सर के पीछे किसी भारी चीज से वार किया गया है...(दूसरा एक्स-रे एक्सरे जो meera ke hath ka tha) मीरा के हाथ की ये हड्डी टूट गई है....

डॉक्टर-मीरा के पेट पर भी निशान है किसी ने उनके पेट पर बार-बार अपने पैरों se मारा है....

आशिष - यह किसी गली के गुंडों का काम नहीं है यह कोई pre-planned conspiracy  है मीरा के खिलाफ...पहली चीज मीरा को ऐसे रास्ते से अपहरण कर लिया गया jo rasta सुनसान था..उसके बाद मीरा कोड्रग दिया गया...मुझे ये बात समझ नहीं आ रही है कि अगर उसे नशे का drug दिया गया तो उसे मारा क्यों गया और फिर उसके साथ रेप करने की कोशिश 2 घंटे बाद क्यों की, इस drug का असर 2 घंटे बाद होता है क्या डॉक्टर...

डॉक्टर- नहीं..., ये 10 मिनट में ही  असर दिखाना शुरू कर देता है....

आशीष- तो मुझे yeh समझ नहीं आ रहा कि ये दो घंटे वाली बात क्या है...

डॉक्टर- (डॉक्टर ke aakhe nam thi) मैंने अपने पूरे करियर में मीरा जैसी बहादुर लड़की को नहीं देखा। ना सिर्फ usne un drug se hone Wale apni felling से लड़ाई की बल्कि इतनी चोट लगने के बाद भी उसने लोगों से भी लड़ाई की जो उसके साथ zabardasti kar रहे थे और अब वह अपनी मौत से भी लड़ाई लड़ रही है.... अगर इस स्थिति में कोई लड़का होता है तो मुझे नहीं लगता कि वह इतना ladta. .... मीरा की सर की चोट काफी गहरी है। .  मुझे तो वो इंसान इंसान नहीं लगता.......ऐसे लोगों को जीने का कोई अधिकार नहीं है, उन्हें जिंदा जला देना चाहिए...

आशीष जो अब तक आदित्य की तरफ नहीं देख रहे थे....आदित्य की नजर सिर्फ मीरा की एक्स-रे रिपोर्ट पर थी ....

आशीष -आदित्य...आदित्य तुम सुन रहे हो मैं तुम से बोल रहा हूं....हैलो...

आदित्य कुछ नहीं बोलता और केबिन से बाहर है....आदित्य को बाहर निकलते hue ...डॉ. और आशीष देख रहे थे....

डॉक्टर-आदित्य शायद खुद को कंट्रोल नहीं कर पा रहे...

आशीष- मीरा  के केस में  vo ऐसा ही है...

मीरा को नॉर्मल वार्ड में शिफ्ट कर दिया गया था पर मीरा को होश नहीं आया...आदित्य मीरा के वार्ड के अंदर जाता है...मीरा के सिर पर  strip  the..हाथ पर प्लास्टर और शरीर पर जगह जगह पट्टी बंधी हुई थी.. चेहरे पर नोचे जाने के निशान थे...आदित्य एक एक कदम उठाकर मीरा के बिस्तर के पास जा रहा था.. उसके हर कदम पर दर्द का एहसास हो रहा था usse एक कदम भी नहीं उठाया जा रहा था। ..मीरा की करीब पहुंचते ही... वह लड़खड़ा जाता है और बेहोश होकर गिर जाती है...नर्स जो वार्ड में थी डॉक्टर को बुलाने के लिए भागती है डॉक्टर जल्दी से वहां आ jaata है....आदित्य का हाथ साइड में एक लोहे की कुर्सी से टकराया जिससे उसके हाथ पर चोट लग गई...

आशीष भी डॉक्टर के साथ आता है और वह उसे सोफे पर लेटाते है जो कि मीरा के कमरे में था... डॉक्टर आदित्य को चेक करते हैं...

डॉक्टर-इन्होंने कब से खाना नहीं खाया है...

आशीष-मुझे लगता है जिस दिन से मीरा गायब हुई है...

डॉक्टर - तुमने सही कहा था ये मीरा के केस में कुछ ज्यादा  ही सीरियस है मीरा की ऐसी हालत mein देख कर यह बेहोश हो गए .....

डॉक्टर ने आदित्य के हाथ में पट्टी कर दी थी आदित्य धीरे-धीरे hosh mein आते हैं....

आशीष -आदित्य तुम ठीक हो...

आदित्य डॉक्टर और आशीष की तरफ देखते हैं और फिर मीरा की taraf......

आदित्य-मैं कुछ देर यहां अकेला रहना  चाहता हूं क्या आप लोग मुझे कुछ समय के लिए मीरा के साथ अकेले छोड़ देंगे.. please...

आशीष और डॉक्टर नर्स के साथ बाहर जाते हैं और दरवाजा बंद कर देते हैं....आदित्य मीरा के पास जाता है.. मीरा के हाथ की taraf अपने हाथ बढ़ाता है ....

आदित्य (dhire se )-मी..मी...मी... (आदित्य के मुंह से आवाज नहीं निकल रही थी)

आदित्य मीरा का हाथ apne  हाथ में  leta है... मीरा के हाथ पर पहले एक आशु की बूंद गिरती है फिर दूसरी...

आदित्य-(अपने हाथ से  apne आशु pochkar) मुझे माफ कर दो मीरा...मैं  tumhare साथ नहीं था जब tumhe  मेरी zarurat थी....(आदित्य की आंखों से आशु रुक ही नहीं रहे थे आदित्य बार बार अपने आशु पूछे जा रहा था)मीरा tumhe kuch nhi ho skta ....मैं tumhare  बिना ....

आदित्य की आंखों से मीरा ओझल हो रही थी....आदित्य फिर से unconsciousness हो जाता है....मीरा के मॉम डैड भी वहां आ गए थे..आदित्य को फिर होश में लाया जाता है होश में आने pr वो अपने सामने मीरा के पापा ओम या मीरा की मम्मी राधा को देखता है......

राधा-आदित्य...

आदित्य आशीष की तरफ देखते हैं और usko   वहां से दूर लेकर कोने में जाते हैं......

आदित्य-(dheere से)तुमने aunty अंकल को कुछ बताया तो नहीं......

Aashish - नहीं हम मीरा के वार्ड में नहीं हैं tum दूसरे वार्ड हो... अंकल आंटी बस अभी आए हैं...

आदित्य चारो तरफ देखता है वो लोग मीरा के वार्ड में नहीं थे....

Aditya -अंकल आंटी को सिर्फ ये बताना कि मीरा का एक्सीडेंट हुआ है और कुछ नहीं क्योंकि अंकल को  अभी हार्टअटैक आया है और आंटी की तो पहले से  tabiyat खराब है  ....मैं मीरा के केस को खुद देख लूंगा.... प्लीज अंकल आंटी को परेशान मत करना...

Aashish - ठीक है ....

आदित्य और आशीष राधा ,ओम के पास आते हैं...राधा बहुत परेशान करती हैं...वो पहले से ही रो रही थी...आदित्य उन्हें गले लगता है...

Aditya - aunty मीरा अब ठीक है उसे अभी होश नहीं आया है पर वो ठीक हो jaygi...उसका एक्सीडेंट हुआ था....

Om -हम मीरा से मिलना चाहते हैं...वो कहा है...

आदित्य- आप मेरे साथ आइए....

आदित्य ओम और राधा को मीरा के वार्ड में लेकर आता है मीरा को देखते ही राधा रोने लग जाती हैं...आदित्य ने उन्हें गले लगाया हुआ था...

आदित्य-मीरा को कुछ नहीं होगा...आप प्लीज मत रोइए...देख लीजिए..अगर मीरा को पता चला कि आप रो रही थीं तो वो कितना  बबालमचा देगी...

राधा अपनी आशु पूछती है ओम राधा के साथ मीरा के पास रहती है...आदित्य जल्दी से बाहर आ जाता है वो उन लोगों के सामने खुद को कमजोर नहीं दिखाना चाहता था... आदित्य कॉल करता है...

राजीव- सर सब ठीक है तो आपने इतनी रात को कॉल किया...

आदित्य - मुझे कल तक best न्यूरोलॉजिस्ट and best आर्थोपेडिक सर्जन यहां मिलना चाहिए...

राजीव- सर आप ठीक हैं??

आदित्य-जितना कहा जाए उतना करो, ज्यादा सवाल मत पूछो?? चाहो तो उन्हें मेरी ही फ्लाइट से यहां भेज दो, लेकिन वे कल तक यहां आ जाएं क्योंकि...

राजीव- ठीक है सर...